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वर्जीनिया मामले में ट्रंप के बयान की हो रही है आलोचना
वर्जीनिया के चार्ल्ट्सविले में हुई हिंसक झड़पों के लिए दोनों पक्षों को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ज़िम्मेदार ठहराया था, उनके बयान की रिपब्लिकन पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने आलोचना की है.
वज दक्षिणपंथी रैली का विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों पर एक तेज़ रफ़्तार कार चढ़ गई थी जिसमें एक प्रदर्शनकारी की मौत हो गई थी और कई अन्य लोग घायल हुए थे.
हाउस स्पीकर पॉल रयान ने कहा है कि श्वेत अतिवाद घिनौना है और इसमें कोई नैतिक अस्पष्टता नहीं हो सकती है.
सोमवार को राष्ट्रपति ट्रंप ने भी श्वेत अतिवादियों की निंदा की है. वहीं, मंगलवार को उन्होंने दूसरे पक्ष के समर्थकों को भी दोषी ठहराया.
उनके हालिया बयान की तीख़ी आलोचना हो रही है. आलोचना उनके रिपब्लिकन पार्टी से जुड़े लोग भी कर रहे हैं.
अमेरिकी गृह युद्ध के दौरान गुलामों के संघीय बलों के समर्थक रहे जनरल रॉबर्ट ई ली के पुतले को हटाने के प्रस्ताव के खिलाफ दक्षिणपंथी समूह ने विरोध मार्च का अयोजन किया था. इस आयोजन में कई श्वेत अतिवादियों का समूह भी शामिल हुआ था.
विरोध प्रदर्शन तब हिंसक हुआ जब फ़ासीवादी विरोधी समूहों का इनसे सामना हुआ. एक बीबीसी संवाददाता घटनास्थल के बारे में विस्तार से बताते हैं कि कथित दक्षिणपंथी प्रदर्शनकारी किस प्रकार से खुलेआम राइफ़ल लेकर आए थे और वहीं वामपंथी प्रतिद्वंद्वी बोतल, पत्थर फेंक रहे थे. काली मिर्च का स्प्रे दोनों पक्ष के लोग इस्तेमाल कर रहे थे.
न्यूयॉर्क में ट्रंप टावर में की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस में राष्ट्रपति ट्रंप ने पत्रकारों से कहा था कि उन्हें लगता है कि दोनों पक्षों का दोष है. उन्होंने कहा कि एक पक्ष बुरा था और दूसरा पक्ष भी बेहद हिंसक था और यह कोई कहना नहीं चाहता लेकिन मैं अब कहूंगा.
हालांकि, ट्रंप ने नस्लवाद के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहे लोगों के समूह पर कार चढ़ाने वाले ड्राइवर की आलोचना की है. गौरतलब है कि इस घटना में 32 वर्षीय हीथर हेयर की मौत हो गई थी और जबकि 19 लोग घायल हुए थे.
लेकिन ट्रंप ने प्रतिमा का समर्थन कर रहे लोगों को अच्छा बताते हुए कहा कि पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज वॉशिंगटन और थॉमस जेफ़रसन की प्रतिमाएं भी गिरा देनी चाहिए क्योंकि वे भी ग़ुलामों के मालिक थे.
ट्रंप के बयान का स्वागत करते हुए 'कू क्लक्स क्लान' के पूर्व नेता डेविड ड्यूक ने ट्वीट किया है, "राष्ट्रपति ट्रंप की ईमानदारी और साहस का धन्यवाद क्योंकि उन्होंने चार्ल्ट्सविले का सच बताया और वामपंथी आतंकियों की आलोचना की."
वहीं, दिग्गज रिपब्लिकन सांसद जॉन मैकेन ने ट्वीट कर कहा है कि कट्टरता और नफ़रत फ़ैलाने वाले जातिवादियों और अमरीकियों के बीच कोई नैतिक तुलना नहीं है.
रिपब्लिकन के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के तौर पर ट्रंप के प्रतिद्वंद्वियों में से एक रहे मार्को रूबियो ने भी ट्वीट कर उनकी आलोचना की है.
इन सब ट्वीट से अधिक पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा का ट्वीट सबसे अधिक ट्वीट पसंद किया जा रहा है. इस ट्वीट को करीब 30 लाख बार लाइक किया जा चुका है.
ओबामा ने सीधे-सीधे चार्ल्ट्सविले की घटना पर ट्वीट नहीं किया था. उन्होंने नेल्सन मंडेला को उद्धरण करते हुए लिखा, "कोई व्यक्ति किसी दूसरे व्यक्ति कि त्वचा या उसकी पृष्ठभूमि या उसके धर्म के रंग को देखते हुए नफ़रत करते हुए पैदा नहीं होता."
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