You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
पाकिस्तान: भारतीय राजनयिक कोर्ट में फोटो लेते पकड़े गए
पाकिस्तान में भारतीय कूटनयिक पीयूष सिंह को उस वक्त माफ़ी माँगनी पड़ी जब वो इस्लामाबाद हाई कोर्ट के अंदर फ़ोटो लेते हुए पकड़े गए.
पीयूष सिंह उस मामले की सुनवाई के लिए कोर्ट आए थे जिसमें एक भारतीय महिला उज़्मा ने एक पाकिस्तानी नागरिक ताहिर अली पर ज़बरदस्ती शादी करने का आरोप लगाया हुआ है और पाकिस्तानी व्यक्ति ने कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाया है.
रिपोर्टों के मुताबिक पीयूष सिंह ने कोर्ट के अंदर फ़ोटो खींची जिसमें जस्टिस मोहसीन अख़्तर कयानी की तस्वीर भी शामिल थी.
जब जज को तस्वीर खींचने की बात पता चली तो भारतीय राजनयिक से लिखित माफ़ी माँगने के लिए कहा गया. पहले उन्होंने मौखिक माफ़ी माँगी और बाद में लिखित रूप से.
ताहिर अली मामले की सुनवाई 22 मई को होगी.
क्या है ताहिर-उज़्मा विवाद
भारतीय महिला से शादी करने वाले पाकिस्तानी नागरिक मोहम्मद ताहिर ने आरोप लगाया था कि उसकी पत्नी को इस्लामाबाद में भारतीय उच्चायोग के अधिकारियों ने अग़वा कर लिया है.
मोहम्मद ताहिर का कहना है कि शादी के दो दिन बाद वो अपनी पत्नी के साथ भारत का वीज़ा लगवाने के लिए इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग गए थे.
ताहिर का आरोप है कि दूतावास में तैनात अधिकारियों ने उनकी पत्नी को तो दफ़्तर में अंदर बुला लिया, लेकिन उनसे बाहर रुकने के लिए कहा गया.
लेकिन उज़्मा का कहना है कि शादी उनकी मर्जी के ख़िलाफ़ कराई गई थी. हालांकि ताहिर अली इस आरोप से इनकार करते हैं.
उज़मा ने अब इस्लामाबाद में भारत के उच्चायोग में शरण ले रखी है और वह भारत वापस आना चाहती हैं.
उज़मा का आरोप है उन्हें शादी के बाद मालूम हुआ कि ताहिर शादीशुदा हैं और चार बच्चों के पिता हैं. उन्होंने इस संबंध में एक मामला भी दर्ज कराया है.
दोनों की मुलाकात मलेशिया में हुई थी जहां ताहिर टैक्सी चलाते थे.
क्या करती थी उज़्मा
पाकिस्तान का वीज़ा लेने के लिए उज़्मा ने जो पता दिया था उस पर बीबीसी की टीम की उन्हें खोजने की सारी कोशिशें नाकाम साबित हुईं.
वीज़ा एप्लिकेशन में दिए गए उनके मोबाइल नंबर से कुछ पता ज़रूर मिला. ये नंबर फ़िलहाल तो बंद है लेकिन गूगल सर्च से पता चला कि कुछ समय पहले तक वह दिल्ली के यमुना विहार इलाक़े में था.
यमुना विहार इलाक़े में वो एक बुटीक चलाती थीं और यहां आस-पड़ोस के लोग उन्हें अच्छी तरह जानते थे.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)