गांधी आज भी प्रासंगिक: मोदी

इमेज स्रोत, PIB
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी आज भी उतने ही प्रासंगिक थे जितने कि अपने जीवन के समय थे.
मोदी ने ऑस्ट्रेलिया के ब्रिसबेन की रोमा स्ट्रीट पर गांधी की आदमक़द प्रतिमा का अनावरण करते हुए कहा कि यदि दुनिया ने गांधी की बात मानी होती तो कई समस्याएं ख़त्म हो चुकी होती.
उनका कहना था, ''आज दुनिया की पहली चिंता ग्लोबल वार्मिंग है और दूसरी आतंकवाद. इनका उत्तर गांधी के जीवन दर्शन में है.''
मोदी ने कहा कि गांधी ने अहिंसा का रास्ता सिखाया. मोदी के अनुसार गांधी शस्त्र ही नहीं शब्द से भी हिंसा के ख़िलाफ़ थे.
प्रकृति से प्यार

इमेज स्रोत, EPA
मोदी ने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग की जड़ में प्रकृति का शोषण है. मोदी का कहना था, ''गांधी हमेशा प्रकृति से प्यार का संदेश देते थे. प्रकृति का शोषण नहीं किया होता तो आज जैसा संकट नहीं होता.''
उन्होंने कहा कि यदि हम गांधी जी के आदर्शों और शिक्षाओं का अनुकरण करें तो प्रकृति का शोषण नहीं होगा और ग्लोबल वॉर्मिंग की समस्या से निजात पा सकते हैं.
इस मौक़े पर मोदी ने अपने आलोचकों को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा, "कुछ लोग कहते हैं कि प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी बार-बार गांधी का नाम लेते हैं. मैं जब मुख्यमंत्री भी नहीं था तब भी गांधी जी की बात करता था आज ये बात साबित हो गई."
<bold>(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए <link type="page"><caption> यहां क्लिक</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/multimedia/2013/03/130311_bbc_hindi_android_app_pn.shtml" platform="highweb"/></link> करें. आप हमें <link type="page"><caption> फ़ेसबुक</caption><url href="https://www.facebook.com/bbchindin" platform="highweb"/></link> और <link type="page"><caption> ट्विटर</caption><url href="https://twitter.com/BBCHindi" platform="highweb"/></link> पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)</bold>












