जगन रेड्डी मामला: 143 करोड़ की संपत्ति ज़ब्त

वाई एस आर कांग्रेस के अध्यक्ष और सांसद जगनमोहन रेड्डी को एक और तगड़ा झटका लगा जबकि प्रवर्तन निदेशालय ने उनकी आय से ज्यादा संपत्ति रखने के मामले में 143 करोड़ रूपए की संपत्ति ज़ब्त करली है.
निदेशालय ने कहा है की यह ज़ब्ती मनी लांड्रिंग विरोधी क़ानून के तहत की गई है.
यह दूसरी बार है जबकि जगन की संपत्ति ज़ब्त की गई है. निदेशालय ने इससे पहले जगन की दो और कंपनियों की 50 करोड़ से ज्यादा संपत्ति ज़ब्त की थी.
आज जो संपत्ति ज़ब्त की गई है उन में रामकी फार्म सिटी कंपनी की 133.74 करोड़ की मिलकियत की 135.46 एकड़ भूमि , म्युच्युअल फण्ड में लगाए गए 3 करोड़ बीस लाख रूपए और 10 करोड़ रूपए के फिक्स्ड डिपाजिट शामिल हैं.
अधिकारियों का कहना है कि जगन के पिता वाई एस राजशेखर रेड्डी की सरकार ने रामकी ग्रुप को यह कीमती भूमि अलाट की और उस के बदले में रामकी ग्रुप के मालिक अयोध्या रमी रेड्डी ने जगन की कम्पनी जगती पब्लिकेशन में 10 करोड़ रूपए का पूँजी निवेश किया.
निदेशालय कई और कंपनियों के खिलाफ भी इन आरोपों की जांच कर रही है की उन्होंने सरकार से मिलने वाले लाभ के बदले में जगन की अनेक कंपनियों में पूँजी निवेश किया था जो की घूस के सिवा कुछ नहीं था.
जगन आय से ज्यादा संपत्ति रखने और भ्रष्टाचार के मामले में गत आठ महीने से जेल में हैं.








