विवादित फिल्म पर कश्मीर में शांतिपूर्ण प्रदर्शन

अमरीका में बनी इस्लाम विरोधी फिल्म के खिलाफ भारतीय प्रशासित कश्मीर में शुक्रवार को प्रदर्शन हुआ. इस दौरान कई जगह हिंसक घटनाएँ हुईं लेकिन आम तौर पर प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे.
प्रशासन ने शुक्रवार को दिन भर का कर्फ्यू लगाया था. ऐहतियात के तौर पर कश्मीर में कुछ घंटों के लिए फोन सेवा और इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी.
इस्लाम विरोधी फिल्म को लेकर पाकिस्तान में शुक्रवार को इश्क-ए-रसूल का दिन यानी पैगंबर मोहम्मद के प्रति प्यार का दिन घोषित किया गया था.
भारत प्रशासित कश्मीर में भी इसी सिलसिले में प्रदर्शन हुए.
फिल्म की आलोचना
श्रीनगर में महिलाओं के गुट ने प्रदर्शन किया तो बारमुला में कुछ युवकों ने एक पुलिसकर्मी को ही पकड़ लिया.
इन युवकों का कहना था कि पुलिसकर्मी ने उस युवक को पकड़ा हुआ है जो इस्लाम विरोधी फिल्म के खिलाफ प्रदर्शन कर रहा था.
बाद में पुलिस और सेना की संयुक्त कोशिशों से पुलिसकर्मी को छुड़ा लिया गया था.
जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री ने भी कैबिनेट की बैठक बुलाई थी और ‘इनोसेंस ऑफ मुस्लिम्स’ नाम की फिल्म की आलोचना की.
प्रदर्शनों में अलगाववादी भी
अलगाववादी गुटों ने भी इस्लाम संबंधी फिल्म का विरोध किया है.

वैसे आमतौर पर कश्मीर में अलगाववादी नेता पश्चिमी देशों के खिलाफ कुछ कहने से बचते आए हैं, बल्कि वे तो कश्मीर समस्या सुलझाने में समय-समय पर अमरीकी और यूरोपीय हस्तक्षेप की बात करते रहे हैं.
लेकिन इस्लाम संबंधी फिल्म पर विरोध न जताने को लेकर कई धार्मिक गुटों ने अलगाववादी संगठनों से नाराज़गी जताई थी.
मौलवियों के दबाव के कारण हुर्रियत कांफ्रेंस ने शुक्रवार को प्रदर्शन में हिस्सा लिया.
उधर पाकिस्तान में हुए हिंसक प्रदर्शनों के दौरान कम से कम 15 लोग मारे हैं और कई घायल हुए हैं. कई अन्य देशों में भी प्रदर्शनों की खबरें हैं.












