राजस्थान: दलित महिला को कथित रेप के बाद ज़िंदा जलाया गया, अस्पताल में मौत

इमेज स्रोत, Jitendra Kharwal
- Author, मोहर सिंह मीणा
- पदनाम, बीबीसी हिन्दी के लिए
राजस्थान के बाड़मेर ज़िले के पचपदरा में एक दलित महिला को कथित तौर पर बलात्कार के बाद ज़िंदा जला दिया गया. साठ फ़ीसदी झुलसी महिला ने इलाज के दौरान जोधपुर के सरकारी अस्पताल में बीती देर रात दम तोड़ दिया.
मृतक महिला का शव जोधपुर के महात्मा गांधी अस्पताल की मोर्चरी में रखा हुआ है. परिजन अपनी मांगों को लेकर बाड़मेर के बालोतरा एसडीएम ऑफिस में धरने पर हैं. उन्होंने शव का पोस्टमॉर्टम कराने से इंकार कर दिया है. पुलिस और मृतक महिला के परिजनों के बीच बातचीत जारी है.
मृतक महिला के पति राजू राम के बड़े भाई पद्माराम के मुताबिक, "मांगों पर प्रशासन से वार्ता सफल नहीं रही है." पहले परिजन मोर्चरी के बाहर धरना दे रहे थे.

इमेज स्रोत, Hanumant Singh Charan
क्या है मामला
छह अप्रैल को हुई घटना को लेकर राजू अपने समाज और घरवालों के साथ धरने पर बैठे हैं.
बीबीसी से फ़ोन पर हुई बातचीत में वो कहते हैं, "जब पत्नी को बालोतरा लाया गया तब मैंने पत्नी से घटना के बारे में पूछा. उसने मुझे सब बताया."
राजू राम ने बीबीसी से कहा, "मैं सुबह ढाणी से पच्चीस किलोमीटर दूर बालोतरा में अपने काम पर गया था. मैं वहां दिहाड़ी पर सुथार का काम करता हूं. बच्चे स्कूल गए हुए थे. दोपहर तीन बजे परिजनों का फ़ोन आया कि ढाणी का रहने वाला शकूर ख़ान ज़बरदस्ती घर में घुस आया."
उन्होंने आरोप लगाया, "शकूर ख़ान ने मेरी पत्नी के साथ बलात्कार किया. अपने साथ लाए थिनर को पत्नी के ऊपर छिड़ककर उसे जला दिया. चीख़-पुकार सुनकर आए घरवालों को धक्का देकर भाग गया."
पचपदरा पुलिस थाने को इस घटना की सूचना छह अप्रैल की दोपहर मिली.
सात अप्रैल की दोपहर पुलिस थाने में 35 साल की मृतका झम्मा देवी के पति राजू राम ने एफआईआर दर्ज करवाई.
मोर्चरी के बाहर मौजूद राजू के बड़े भाई पद्माराम ने बीबीसी से कहा, "मैं मोची का काम करता हूं. उस दिन मैं भी काम पर गया हुआ था. घटना के बाद घर की महिलाओं ने बताया कि शकूर घर में पीछे की तरफ से आया था."
"झम्मा देवी से बलात्कार के बाद जेब से थिनर की बोतल निकाली और उन पर छिड़क दिया. माचिस से आग लगा दी."
उन्होंने बताया कि इसके बाद उन्हें बालोतरा और फिर जोधपुर लाए. यहां उनकी मौत हो गई. झम्मा देवी के चार बच्चे हैं. दो बेटे और दो बेटी, सबसे बड़ी बेटी तेरह साल की है.

इमेज स्रोत, Jitendra Kharwal
साठ फ़ीसदी तक झुलसा शरीर
अधिकारियों के मुताबिक पचपदरा में सोढो की ढाणी से पच्चीस किलोमीटर दूर बालोतरा के एक निजी अस्पताल में छह अप्रैल की दोपहर एक महिला को जली हुई हालत में लाया गया.
महिला की गंभीर स्थिति को देखते हुए सात अप्रैल को जोधपुर के लिए रेफर किया गया. सात अप्रैल को महिला को जोधपुर के महात्मा गांधी अस्पताल में भर्ती किया गया.
महात्मा गांधी अस्पताल की मेडिकल सुप्रिटेंडेंट डॉ राजश्री ने बीबीसी से कहा, "35 साल की महिला को बर्न वार्ड के आईसीयू में भर्ती किया गया. जब वो अस्पताल लाई गईं, तब उनकी हालत गंभीर थी."
डॉ राजश्री ने कहा, "तुरंत प्लास्टिक सर्जन की देख-रेख में इलाज शुरू किया गया. देर रात साढ़े बारह बजे महिला ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया."
उन्होंने आगे बताया, "महिला साठ फीसदी तक झुलसी हुई थी. उनके चेहरे, छाती और शरीर का पिछला हिस्सा गंभीर झुलसा हुआ था."
डॉक्टर ने बताया, "शुरुआती तौर पर देखने से लग रहा था वह किसी केमिकल से जली हैं."
महिला को किस चीज़ से जलाया गया है इस सवाल पर बाड़मेर के पुलिस अधीक्षक दिगंत आनंद ने बीबीसी को बताया, "डॉक्टरों ने कहा है कि शरीर जला हुआ है. लेकिन, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से ही स्पष्ट हो पाएगा."

इमेज स्रोत, Getty Images
एक करोड़ मुआवज़े की मांग
बीबीसी से राजू राम ने कहा, "हमारी मांगें पूरी नहीं होने तक हम शव का पोटमॉर्टम नहीं कराएंगे. हम लोग मोर्चरी के बाहर ही धरने पर बैठे हैं."
महिला की मौत के बाद बड़ी संख्या में लोग जोधपुर के महात्मा गांधी अस्पताल में पहुंचे. इनमें कई संगठन और बीजेपी के नेता शामिल हैं.
पचपदरा के डिप्टी एसपी और इस मामले के जांच अधिकारी मदन मीणा धरना दे रहे रिश्तेदारों को शव का पोस्टमॉर्टम कराने के लिए मना रहे हैं.
राजू राम के बड़े भाई पद्माराम ने अपनी मांगों को लेकर बीबीसी को बताया, "हमने पचपदरा डिप्टी एसपी और बालोतरा थाना अध्यक्ष को निलंबित करने की मांग है. क्योंकि, डिप्टी एसपी ने हमें धमकाया है और बालोतरा थाना अध्यक्ष ने अस्पताल में आए लोगों पर लाठियां चलाईं."
उन्होंने कहा, "हम एक करोड़ रुपए और मृतका झम्मा देवी के चार बच्चों में से एक को सरकारी नौकरी की मांग कर रहे हैं. जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होंगी, हम शव नहीं लेंगे और न ही पोस्टमॉर्टम करवाएंगे."
राजू राम ने कहा, "एक करोड़ राशि के लिए प्रशासन मना कर रहा है. प्रशासन सिर्फ़ चिरंजीवी योजना के तहत ही सहायता राशि देने की बात कह रहा है."
बाड़मेर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) दिगंत आनद ने बीबीसी से कहा, "मृतका के परिजन को सरकारी योजनाओं के तहत ज़्यादा से ज़्यादा सहायता दिलवाने के लिए प्रयास कर रहे हैं."

इमेज स्रोत, Hanumant Singh Charan
अब तक पुलिस कार्रवाई
इस मामले के जांच अधिकारी और पचपदरा डिप्टी एसपी मदन मीणा ने बीबीसी को बताया, "हमने इस मामले में बयानों के आधार एक अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है. मृतका के पति राजू राम का आरोप है कि उनकी पत्नी के साथ शकूर ख़ान ने बलात्कार किया और थिनर डालकर जला दिया."
बाड़मेर के पुलिस अधीक्षक दिगंत आनद ने बताया, " ये घटना छह अप्रैल की है. सात को हमें एफआईआर मिली है और हमने इस मामले में एक ही नामजद अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है. पूरे मामले की जांच की जा रही है."
उन्होंने आगे कहा, "शव के पोस्टमॉर्टम के लिए हमने जोधपुर अस्पताल से एक मेडिकल बोर्ड गठित करने के लिए कहा है. पचपदरा पुलिस थाने में राजू राम की शिकायत पर भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (1), 450, 326 (A) और एससी एसटी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई है."
महिला की मौत होने के बाद अब इसमें हत्या की धारा 302 भी जोड़ी जाएगी.
जांच अधिकारी डिप्टी एसपी मदन मीणा ने इलाज के दौरान महिला के बयान लिए हैं. उन्होंने कहा, "बयानों के आधार पर जांच कर रहे हैं. फिलहाल हम जोधपुर अस्पताल में पोस्टमॉर्टम के लिए प्रयास कर रहे हैं."
मृतका के पति ने बलात्कार का आरोप लगाया है. क्या मेडिकल में बलात्कार की पुष्टि हुई है, इस सवाल पर डिप्टी एसपी कहते हैं, "अभी पोस्टमॉर्टम के बाद ही स्पष्ट होगा. हमने महिला के पति के आरोपों के आधार पर अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है."
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त
विपक्ष ने सरकार को घेरा
इस घटना के बाद से राज्य भर में अभियुक्त को कड़ी सज़ा देने की मांग की जा रही है. सोशल मीडिया पर भी इस घटना को लेकर लोगों का रोष देखा जा सकता है.
जोधपुर के सांसद और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने इस घटना पर ट्वीट कर कहा है, "दलित महिला से एक मुस्लिम युवक द्वारा दुष्कर्म और उसे जान से मारने की कोशिश के बाद राजस्थान सरकार का रवैया वही रहा जो आरोपी चाहता था."
बाड़मेर के सांसद और केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी मृतक महिला के परिजन से मिलने जोधपुर अस्पताल पहुंचे. उन्होंने कहा कि परिजन को न्याय दिलवाने का आश्वासन दिया है.
बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया ने बयान जारी कर कहा है, "मुख्यमंत्री संवेदनहीनता की पराकाष्ठा को लांघ चुके हैं. राजस्थान कभी शांति के लिए जाना जाता था, लेकिन अब इसको ग्रहण लग गया है. पचपदरा थाना क्षेत्र में महिला के साथ हुई अमानवीय दुष्कर्म की घटना, प्रदेश की कलंकित कानून व्यवस्था की बानगी है."
इस मामले में अशोक गहलोत सरकार में मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने मीडिया से कहा, "इस तरह की घटना को अंजाम देने वाले लोग मानसिक रूप से विकृत लोग हैं."
उन्होंने कहा, "समाज के लिए ऐसे लोग घातक हैं. इन जैसे अपराधियों को सख़्त सज़ा दी जानी चाहिए."
ये भी पढ़ें
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)













