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बीबीसी टीवी पर पंडित नेहरू की प्रेस कॉन्फ्रेंस, देखिए ये दुर्लभ वीडियो
भारत अपनी आज़ादी के 75 साल पूरा कर चुका है. इन 75 सालों में देश ने कई ऐसे मौके देखे हैं जो अपने आप में ऐतिहासिक हैं.
इसी तरह वो भाषण भी ऐतिहासिक है जिसे भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने 14 अगस्त, 1947 की आधी रात को दिया था. इस भाषण को 'ट्रिस्ट विद डेस्टिनी' के नाम से ही जाना जाता है.
पाकिस्तान बनने से कुछ क्षण पहले मोहम्मद अली जिन्ना ने भी अपने देशवासियों को संबोधित किया था.
उस दौर में बीबीसी ने इन दोनों को ही कवर किया था और दिखाया था कि उस वक्त यानी आज़ादी के ठीक बाद भारत और पाकिस्तान का माहौल कैसा था.
भारत की आज़ादी के वक्त को कवर कर रहे इस वीडियो में संवाददाता बता रहे हैं कि उन्होंने इतनी संख्या में लोग कभी नहीं देखे हैं. लोग सड़कों पर निकल रहे हैं, जश्न मना रहे हैं. वीडियो में दिखाया गया है कि किस तरह ब्रिटिश झंडे को हटाकर तिरंगा फहराया जा रहा है.
ऐसा ही कवरेज बीबीसी ने पाकिस्तान के लिए किया था, जब 15 अगस्त 1947 को मोहम्मद अली जिन्ना पाकिस्तान को संबोधित कर रहे थे.
पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू का पहला टीवी इंटरव्यू
आज़ादी के 6 साल बाद बीबीसी ने देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू का पहला टेलीविजन इंटरव्यू किया था.
ये बीबीसी की 'प्रेस कॉन्फ्रेंस' सिरीज़ थी, जिसका संचालन विलियम क्लार्क कर रहे थे. इस इंटरव्यू में प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू से सवाल पूछने के लिए विलियम क्लार्क के अलावा तीन पत्रकार और मौजूद थे. न्यू स्टेट्समैन एंड नेशन के एडिटर किंग्स्ले मार्टिन, संडे टाइम्स के एडिटर एचवी हडसन, इकनॉमिस्ट के फॉरेन एडिटर डॉनल्ड मैकलॉक्लन.
इंटरव्यू के दौरान ही जवाहर लाल नेहरू ख़ुद ये बताते दिख रहे हैं कि ये इनका पहला टेलीविजन इंटरव्यू है. वो ये भी कहते हैं कि उन्हें टेलीविजन के बारे में कम ही जानकारी है.
इंटरव्यू में जवाहर लाल नेहरू से ये भी पूछा जा रहा है कि वो आज़ादी के बाद से अब तक के भारत की प्रगति को कैसे देखते हैं? जवाहर लाल नेहरू कहते हैं कि इन सालों में देश ने प्रगति भी की है और देश करना चाहता था उसमें थोड़ी कमी भी रह गई है.
जवाहर लाल नेहरू आगे बताते हैं कि भारत किस तरह एक साथ लोकतंत्र की तरफ़ बढ़ा है. नेहरू इस मौके पर महात्मा गांधी, अपनी जेल यात्रा और पड़ोसी देशों का भी ज़िक्र करते नज़र आ रहे हैं.
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