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कोरोना वायरस: मनरेगा, कृषि, पशुपालन और दूसरे कुछ मामलों में मिलेगी छूट
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने तीन मई तक जारी रहने वाले लॉकडाउन के लिए नई गाइडलाइन जारी की है. मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के नाम संबोधन में तीन मई तक लॉकडाउन जारी रहने की घोषणा की थी और बुधवार को जारी हुई इस गाइडलाइन का भी ज़िक्र किया था.
प्रधानमंत्री मोदी ने ये भी कहा था कि 20 अप्रैल तक तो बहुत ही सख़्ती से लॉकडाउन का पालन किया जाएगा. लेकिन अगर हालात बेहतर हुए तो उनके अनुरूप 20 अप्रैल के बाद कुछ राहत दी जाएगी. पीएम मोदी ने कहा था कि इस सिलसिले में गृहमंत्रालय विस्तृत गाइडलाइन जारी करेगा.
नई गाइडलाइन की मुख्य बातें
-रेल, मेट्रो, सड़क और हवाई यात्रा तीन मई तक बंद रहेंगे.
-केंद्र सरकार और राज्य सरकार के सभी दफ़्तर खुले रहेंगे.
-शॉपिंग मॉल, सिनेमाघर, ऑडिटोरियम, खेल परिसर, स्वीमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, बार जिम, रेस्त्रां वग़ैरह भी बंद रहेंगे.
-स्कूल, कॉलेज और सभी शिक्षण संस्थान भी तीन मई तक बंद रहेंगे. लेकिन इन संस्थानों को अकादमिक सेशन को मेंटेन करना होगा. इसके लिए वे ऑनलाइन क्लालेज़ का सहारा ले सकते हैं. इसके लिए दूरदर्शन और दूसरे शैक्षणिक चैनलों की भी मदद ली जा सकती है.
-मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारे, चर्च और किसी भी तरह के धार्मिक स्थल पूरी तरह बंद रहेंगे. इसके लिए किसी भी तरह के धार्मिक आयोजन की भी अनुमति नहीं होगी.
-शादी-विवाह, सार्वजनिक कार्यक्रम, सामाजिक उत्सव, सांस्कृतिक कार्यक्रम, सेमिनार, राजनीतिक कार्यक्रम, कॉन्फ़्रेंस, खेल आयोजन पर भी पाबंदी लगी रहेगी.
-अंतिम संस्कार में 20 से ज़्यादा लोगों को शामिल होने की अनुमति नहीं होगी.
-सार्वजनिक जगहों पर फ़ेस मास्क पहनना या किसी भी तरह चेहरे को ढंकना अब अनिवार्य कर दिया गया है.
-पीडीएस, फल-सब्ज़ी, दवा, राशन, दूध, गोश्त, मछली की दुकानें खुली रहेंगी.
-बैंक और एटीएम खुले रहेंगे.
-शेयर बाज़ार खुले रहेंगे.
लेकिन लोगों की परेशानियों को देखते हुए 20 अप्रैल से कुछ चीज़ों में ढील दी जाएगी
-खेती, हॉर्टीकल्चर, कृषि से जुड़ी गतिविधियों को शुरू करने की इजाज़त दी जाएगी.
-मनरेगा वर्करों को काम करने की इजाज़त होगी लेकिन उन्हें सोशल डिस्टेंसिंग का सख़्ती से पालन करना होगा.
-खेती से जुड़े सामान, कल-पुर्ज़े, सप्लाई चेन से जुड़े काम किए जा सकेंगे.
-दवा बनाने वाली कंपनियां और मेडिकल उपकरण बनाने वाले कारख़ाने खुल सकेंगे.
-चाय, कॉफ़ी, और रबर पलांटेशन को अधिकतम 50 फ़ीसदी कर्मचारियों के साथ काम करने की इजाज़त होगी.
-तेल और गैस सेक्टर से जुड़ी सभी गतिविधियां जारी रहेंगी.
-पोस्टल सर्विस जारी रहेगी, पोस्ट ऑफ़िस खुले रहेंगे.
-गौशाला और जानवरों के शेल्टर होम खुले रहेंगे.
-हाइवे के ढाबे, ट्रक रिपेयर करने वाले दुकान, सरकारी काम से जुड़े कॉल सेंटर खुल सकेंगे.
-इलेक्ट्रिशियन, आईटी रिपेयरिंग वाले, पलंबर, मोटर मैकेनिक, कार्पेंटर और इसी तरह के स्वरोज़गार वाले लोगों को काम करने की इजाज़त होगी.
-लेकिन ये सारी छूट कोरोना के हॉटस्पॉट और कंटेनमेंट ज़ोन में रहने वाले लोगों को नहीं दी जाएगी.
-30 अप्रैल से ग्रामीण इलाक़ों में चल रहे उद्योग धंधों को खोलने की इजाज़त होगी लेकिन इसके लिए सोशल डिस्टेंसिंग का सख़्ती से पालन करना होगा.
-किसी भी राज्य सरकार या केंद्र शासित प्रदेश को इन गाइडलाइन को नज़रअंदाज़ करने की अनुमति नहीं होगी. अलबत्ता राज्य या केंद्र शासित प्रदेश चाहें तो अपने स्थानीय ज़रूरतों के अनुसार लॉकडाउन को और ज़्यादा सख़्त बना सकते हैं.
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