निज़ामुद्दीन के तबलीग़ी जमात मरकज़ मामले पर बोले मुख़्तार अब्बास नक़वी - आज की बड़ी ख़बरें

इमेज स्रोत, Getty Images
केंद्रीय मंत्री मुख़्तार अब्बास नक़वी ने निज़ामुद्दीन के तबलीग़ी जमात मरकज़ मामले पर कहा है कि इस जमात ने तालिबानी अपराध किया है, इस आपराधिक काम को माफ़ नहीं किया जा सकता है.
उन्होंने कहा कि तबलीग़ी जमात मरकज़ ने कई लोगों की जान को ख़तरे में डाला.
नक़वी ने मांग की है कि उन लोगों और संगठन के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जिन्होंने सरकार के निर्देशों का पालन नहीं किया.
ग़ौरतलब है कि दिल्ली के निज़ामुद्दीन में तबलीग़ी जमात का मरकज़ (केंद्रीय मुख्यालय) है. यहां पर मार्च महीने में हुए एक धार्मिक आयोजन की ख़ासी चर्चा है.
इस धार्मिक आयोजन में हज़ारों लोग शामिल हुए थे जिसके बाद देशभर में लागू लॉकडाउन के बावजूद बड़ी संख्या में लोग वहीं रह रहे थे.
इस मरकज़ से निकाले गए कई लोगों मे कोरोना वायरस के लक्षण पाए गए हैं जबकि इस आयोजन से अपने राज्यों में गए कई लोगों की मौत हुई है.

इमेज स्रोत, Getty Images
कोरोना वायरस संक्रमण की वजह से व्यापार और कारोबार सब कुछ प्रभावित हुआ है. इस संक्रमण का असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी पड़ा है और भारत इससे किसी भी हाल में अछूता नहीं है.
ऐसी स्थिति में भारतीय रिज़र्व बैंक ने 27 मार्च को एक आदेश जारी करके ईएमआई के भुगतान में तीन महीने की राहत देने की बात कही थी. इसका सीधा सा मतलब ये हुआ कि यदि आप लोनधारक हैं तो तीन महीने तक आपके लिए ईएमआई चुकाना ज़रूरी नहीं है. अगर आप इन तीन महीने ईएमआई नहीं चुकाते हैं तो बैंक आप पर पेनाल्टी नहीं लगाएंगे.
भारतीय रिज़र्व बैंक ने इस संबंध में एक बयान जारी करते हुए कहा था कि सभी कमर्शियल बैंक, सहकारी बैंक, वित्तीय संस्थान और हाउसिंग फ़ाइनेंस कंपनी और माइक्रो फ़ाइनेंस संस्थान को एक मार्च 2020 तक बकाया सभी क़र्ज़ों की किस्तों के भुगतान पर तीन महीने की मोहलत देने की अनुमति दी जा रही है.
इसका मतलब ये हुआ कि जिन लोगों ने क़र्ज़ ले रखा है, उनकी ईएमआई बैंक खातों से इतने समय तक नहीं कटेगी. इस अवधि के ख़त्म होने के बाद ही क़र्ज़ की ईएमआई का भुगतान दोबारा चालू होगा.
अब कुछ बैंकों ने इसे लेकर स्पष्टता दी है.
कैनरा बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ़ इंडिया, बैंक ऑफ़ बड़ौदा और स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया ने इस संबंध में अपनी ओर चीज़ों को लेकर स्पष्टता दी है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 1
स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया ने बैंक से जुड़े सभी ग्राहकों के लिए सूचना प्रकाशित की है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 2
एसबीआई ने ट्वीट किया है, "आरबीआई के कोविड-19 रेग्युलेटर पैकेज को देखते हुए स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया ने एक मार्च 2020 से लेकर 31 मई 2020 तक भुगतान वाली ईएमआई को तीन महीने के लिए टालने का क़दम उठाया है."
इसी तरह अन्य बैंकों ने भी आरबीआई के आदेशानुसार प्रक्रिया के पालन को लेकर अपना-अपना स्पष्टीकरण जारी किया है.

- कोरोना वायरस: ब्रूफ़ेन लेना सही है या नहीं - फ़ैक्ट चेक
- कोरोना वायरस: डायबिटीज़ वालों को कितना ख़तरा
- कोरोना महामारी, देश-दुनिया सतर्क
- कोरोना वायरस के क्या हैं लक्षण और कैसे कर सकते हैं बचाव
- कोरोना वायरस का बढ़ता ख़तरा, कैसे करें बचाव
- कोरोना वायरस से बचने के लिए मास्क पहनना क्यों ज़रूरी है?
- कोरोना: मास्क और सेनेटाइज़र अचानक कहां चले गए?
- अंडे, चिकन खाने से फैलेगा कोरोना वायरस?


इमेज स्रोत, GoI

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)














