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जस्सी से रुपहले परदे का सफ़र | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मोना सिंह को आप छोटे परदे पर जस्सी के रूप में देखते आ रहे हैं. ग्लैमर के दौर में इस अभिनेत्री ने जिस तरह एक मामूली शक्लो सूरत वाली लड़की की छवि को जिया है वह क़ाबिले तारीफ़ है. 'जस्सी जैसी कोई नहीं' से अपनी पहचान बना चुकी मोना सिंह अब रूपहले परदे पर क़दम रखने जा रही हैं. के शंकरन की फ़िल्म 'प्यार रुकता नहीं' में वह सैफ़ अली ख़ान और शाहिद कपूर के साथ एक ग्लैमरस रोल में नज़र आएँगी. यह एक थ्रिलर है और इसकी पूरी शूटिंग विदेशों में होगी. लेकिन छोटे परदे से बड़े परदे का यह सफ़र क्या मोना सिंह को एक सशक्त अभिनेत्री के रूप में वही लोकप्रियता दिला पाएगा जिसकी वह हक़दार हैं? * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * मलका भी प्रशंसकों में अरशद वारसी एक मंजे हुए अभिनेता हैं लेकिन उनकी प्रतिभा की अभी तक सही पहचान नहीं हो पाई थी.
मुन्नाभाई एमबीबीएस के बाद लोगों ने उनका नोटिस लिया और दर्शक उन्हें एक नई नज़र से देखने पर मजबूर हो गए. इस फ़िल्म की सफलता के बाद से अरशद के फ़ोन की घंटी लगातार बज रही है. निर्माता-निर्देशकों में उन्हें साइन करने की होड़ सी लगी हुई है. लेकिन एक दिन जब मोबाइल की घंटी बजी और पता चला कि कुवैत की मलका उनसे बात करना चाहती हैं तो उन्हें अपने कानों पर यक़ीन ही नहीं आया. मलका उन्हें किसी शाही उत्सव में हिस्सा लेने का आमंत्रण देना चाह रही थीं. अरशद का कहना है कि बातचीत के दौरान उनकी चिंता बस इस बात को लेकर थी कि कहीं फ़ोन की बैटरी धोखा न दे जाए. * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * * दस साल बाद शाहरुख़ ख़ान और रवीना टंडन अबसे दस साल पहले कैसे लगते थे, यह देखना चाहें तो 'लम्हे जुदाई के' ज़रूर देखिएगा.
यह फ़िल्म बनना शुरू हुई और फिर डिब्बे में बंद हो गई. और अब अचानक निर्माता को पता नहीं क्या ख़्याल आया कि उसने किसी तरह इसे पूरा करके रिलीज़ कर डाला. फ़िल्म में कपड़े और स्टाइल पुराने ज़माने का है जो सुना जाता है नायिका रवीना टंडन को रास नहीं आया. उन्होंने फ़िल्म की रिलीज़ पर काफ़ी नाराज़गी ज़ाहिर की. उनका कहना था, मैंने इस फ़िल्म के लिए सिर्फ़ दस दिन शूटिंग की थी और मुझ पर कोई गाना तक पिक्चराइज़ नहीं किया गया था. लेकिन प्रोड्यूसर का कहना है कि सारे गाने शाहरूख़ खान पर फ़िल्माए गए हैं और वे काफ़ी हैं. |
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