क्या लुभा पाएगी 'मिस लवली'

'मिस लवली'

इमेज स्रोत, Miss Lovely

    • Author, कोमल नाहटा
    • पदनाम, वरिष्ठ फ़िल्म समीक्षक

रेटिंग: *

फ़्यूचर ईस्ट फ़िल्म और ग्लोबल फ़िल्म इनशिएटिव की 'मिस लवली' दो भाइयों की कहानी है.

विकी दुग्गल (अनिल जॉर्ज) दो भाई हैं जो अर्धनग्न फ़िल्में (सेमीपोर्नोग्राफ़िक) फ़िल्में बनाते हैं जिनके हिस्से बाद में दूसरी फ़िल्मों में जोड़ दिए जाते हैं.

इनमें काम करने के लिए उन्हें लगातार लड़कियों की ज़रूरत पड़ती रहती है. विकी, फ़िल्मों का निर्देशन करता है और सोनू उन्हें बेचता है.

इस काम के लिए उसे वितरकों तक अपनी फ़िल्म की हीरोइनें अय्याशी के लिए भेजनी पड़ती हैं.

एक दिन सोनू की मुलाक़ात पिंकी (निहारिका सिंह से होती है वो फ़िल्मों में आने के लिए बेताब है. वो ख़ुद निर्देशक बनकर उसे लॉन्च करने की ठान लेता है और इसके लिए वो अपने भाई के अकाउंट से पैसे चुराता है.

सोनू और पिंकी एक दूसरे से प्यार करने लगते हैं. लेकिन इससे पहले कि वो अपनी फ़िल्म शुरू कर पाता, विकी, पिंकी को देख लेता है.

कहानी में ट्विस्ट ये है कि विकी, पिंकी से पहले ही मिल चुका होता है. पिंकी, विकी से अपना नाम सोनिका बताकर पहले ही मिल चुकी होती है.

इसी बात पर विकी और सोनू के बीच झगड़ा हो जाता है. इसके बाद क्या होता है. यही कहानी है.

बिखरी कहानी

'मिस लवली'

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अशीम अहलूवालिया की लिखी कहानी बहुत बिखरी हुई है और दर्शकों को कतई बांध के नहीं रख पाती. फ़िल्म का स्क्रीनप्ले भी असरदार नहीं है.

फ़िल्म के किरदार ठीक तरीके से परिभाषित नहीं किए गए हैं. फ़िल्म का कुछ हिस्सा वास्विकता के बिलकुल क़रीब है लेकिन ये कोई वजह नहीं है फ़िल्म को पसंद करने की.

फ़िल्म का क्लाईमेक्स बिलकुल बेकार है. पूरी फ़िल्म अवसादग्रस्त लगती है. फ़िल्म के संवाद भी असर पैदा नहीं कर पाए हैं.

अभिनय

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नवाज़ुद्दीन सिद्दीक़ी अपने किरदार में बिलकुल स्वाभाविक रहे हैं. उन्होंने ज़बरदस्त काम किया है. निहारिका सिंह ठीक-ठाक हैं. अनिल जॉर्ज ने बढ़िया काम किया है. बाकी कलाकार ठीक हैं.

अशीम अहलूवालिया का निर्देशन कमज़ोर स्क्रिप्ट को नहीं बचा पाया है. फ़िल्म से दर्शक जुड़ ही नहीं पाते. फ़िल्म का संगीत भी काम चलाऊ है. हां, मोहनन का कैमरावर्क ज़रूर असरदार है.

कुल मिलाकर मिस लवली एक फ़िल्म फ़ेस्टिवल में दिखाई जाने लायक फ़िल्म ही बनके रह गई है. आम दर्शक फ़िल्म से बिलकुल नहीं जुड़ पाएंगे.

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