You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
उदय चोपड़ा का ट्वीट : 'मुझे लगता है कि सुसाइड करने का यह अच्छा विकल्प है'
रेड कारपेट पर फ़ोटो खींचने और इंटरव्यू लेने को बेसबर लोग... यह तस्वीर किसी भी कामयाब इंसान को लुभा सकती है.
शोहरत बहुत लोगों को मिलती है पर नाम मिलने के बाद क्या सब सही हो जाता है? या जिन लोगों को उम्मीद के मुताबिक शोहरत नहीं मिलती उन्हें किस तरह के दर्द से गुज़रना होता है?
कुछ को होता है 'डिप्रेशन', कुछ को 'एंग्ज़ायटी'.
एक बार फिर 'डिप्रेशन' पर बहस छिड़ी है क्योंकि फ़िल्म अभिनेता उदय चोपड़ा ने सोशल मीडिया पर कुछ ऐसा लिखा कि सबका ध्यान बहुत समय बाद उन पर गया. लोगों को लगा की वो आत्महत्या के बारे में बात कर रहे हैं.
सफ़लता मिलने के बाद उसको संभालने का प्रेशर और एक शोहरत न मिलने का प्रेशर.
'मैं ठीक नहीं हूं. मैं कोशिश कर रहा हूं लेकिन विफल हो रहा हूं'
उदय चोपड़ा के भाई आदित्य चोपड़ा एक जाने माने निर्माता और निर्देशक हैं. उदय चोपड़ा 'धूम 3' फ़िल्म में बहुत साल पहले नज़र आये थे.
उदय चोपड़ा ने सोशल मीडिया पर लिखा, ''मैंने कुछ घंटों के लिए अपना ट्विटर अकाउंट डीएक्टिवेट कर दिया था. मैंने महसूस किया कि मैं मौत के करीब हूं. यह अभूतपूर्व था. मुझे लगता है कि सुसाइड करने का यह अच्छा विकल्प है. मैं जल्द ही इसे स्थायी रूप से कर सकता हूं.''
उन्होंने आगे पोस्ट किया, ''मैं ठीक नहीं हूं. मैं कोशिश कर रहा हूं लेकिन विफल हो रहा हूं.''
इतना लिखने के बाद उन्होंने वो पोस्ट डिलीट कर दिया. इसके बाद उन्होंने लिखा कि ये उनका 'डार्क ह्यूमर' है और वो ठीक हैं.
उदय चोपड़ा ने इस तरह की पोस्ट क्यों लिखी इसकी वजह तो वे ही जान सकते हैं लेकिन उनकी इस पोस्ट की वजह से से सेलिब्रिटी और उन्हें होने वाले डिप्रेशन की बहस पर एक बार फिर बहस शुरू हो गई.
मुझे वो जगह ढूंढनी होती जहाँ मैं रो सकूं- दीपिका पादुकोण
क्या सिर्फ़ काम न मिलना डिप्रेशन का कारण है? जहां तक उदय चोपड़ा ने साल 2000 की फ़िल्म 'मोहब्बतें' से बॉलीवुड में डेब्यू किया था लेकिन उसके बाद वे बहुत कम फ़िल्मों में नज़र आए.
लेकिन दूसरी तरफ ऐसे फ़िल्मी सितारे भी हैं जनकी फ़िल्मी करियर तो शानदार रहा लेकिन वे भी डिप्रेशन के शिकार रहे. एक के बाद एक हिट फ़िल्म देने वाली अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने कुछ साल पहले मीडिया को अपनी डिप्रेशन की समस्या के बारे में बताकर हैरान कर दिया था. अब वो इस बीमारी से जूझ रहे लोगों की मदद करना चाहती हैं.
सोशल मीडिया पर एक वीडियो आया था जिसमें दीपिका आँसू बहाते हुए कहती हैं, "मैं बस सोना चाहती थी. वो मेरा बचाव का तरीका था- बस सोते रहना और उठना नहीं था.''
''हर दिन मुझे उठना था, मुझे काम पर जाना था, हर दिन एक चुनौती थी. मुझे वो जगह ढूंढनी होती जहाँ मैं रो सकूं. आज तक मुझे अलार्म से डर लगता है."
दीपिका मानती हैं कि मेन्टल हेल्थ को लेकर भारत में जागरुकता की कमी है और वो हर उस इंसान की मदद करना चाहती हैं जो डिप्रेशन से जूझ रहा है.
मेरे परिवार में डिप्रेशन के केस रहे हैं - अनुष्का शर्मा
लोगों को लगता है कि कामयाबी मिली तो सब ठीक. लेकिन ऐसा नहीं है. आनुष्का शर्मा की फ़िल्में चलीं तो भी उन्हें एक समस्या रही.
अनुष्का शर्मा ने भी अपनी 'एंग्ज़ायटी' के बारे में खुलकर लिखा था. उन्होंने बताया था कि 'एंग्ज़ायटी' पर काबू पाने के लिए वो ट्रीटमेंट भी ले रही हैं .
अगर कोई कामयाबी से परेशान तो कोई न कामयाबी से. टाइगर श्रॉफ ने क़ुबूला था कि जब उनकी एक फ़िल्म फ्लॉप हुई थी तो वो एक महीना डिप्रेशन में थे. शाहरुख़ खान अपनी एक सर्जरी के बाद डिप्रेशन में चले गए थे.
वहीं आलिया भट्ट ने अपनी बहन शहीन भट्ट से माफ़ी माँगी थी कि वो उनके डिप्रेशन को समझ नहीं पाई.
आलिया ने एक वीडियो में कहा था, "मैं दुखी हूं कि मैं अपनी बहन के साथ 25 साल रही पर उसका डिप्रेशन नहीं समझ पाई." आलिया भट्ट ने इस वीडियो में कहा था, "मुझे मालूम है कि तुम माफ़ी नहीं चाहती. पर हम माफ़ी माँग रहे हैं क्योंकि हम समझ नहीं पाए तुम पर क्या गुज़र रही है."
डिप्रेशन जब आता है तो कोई भेदभाव नहीं करता, चाहे आम आदमी हो या मशहूर और कामयाब इंसान. जो इस से गुज़र चुके हैं वो कहते हैं कि इसपर खुलकर बात करो क्योंकि इसमें शर्म जैसी कोई बात नहीं.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)