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'मुनाफ़ भविष्य के लिए शुभ संकेत' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारतीय टीम ने मोहाली टेस्ट मैच नौ विकेट से जीत लिया है. मुनाफ़ पटेल ने रिवर्स स्विंग और तेज गति की गेंदबाजी करते हुए 8 ओवरों में 15 रन देकर तीन विकेट लिए. भारत को जीत के लिए 144 रन बनाने थे. जाफ़र के 17 रन पर आउट होने के बाद सहवाग और राहुल द्रविड़ समझदारी से खेले और नॉट आउट रहे. नौ विकेट लेने वाले अनिल कुंबले को मैन ऑफ़ द मैच चुना गया. मैच के बाद मलय नीरव ने पूर्व क्रिकेट खिलाड़ी अरुण लाल से बात की. सवाल- क्या यह माना जाए कि भारत के लिए यह एक ऐसी जीत है जिसकी पहले से कोई उम्मीद नहीं थी? अरुण लाल- जी हाँ, पहले दो दिन बारिश के कारण भारत को इस प्रकार की जीत की उम्मीद ही नहीं थी. कुछ हद तक भारतीय टीम और राहुल द्रविड़ को इस जीत का श्रेय जाता है कि उन्होंने टीम के मनोबल को बनाए रखा. इंग्लैंड टीम कुछ हद तक थोड़ी सी नकारात्मक हो गई, शायद उन्हें ट्रेस्कोथिक और वॉन की कमी खली. मेरा मानना था कि इंग्लैंड दूसरी पारी में जल्दी रन बनाने की कोशिश करेगी जिससे कि भारतीय टीम को दवाब में डाला जाए. पर ऐसा नहीं हुआ और इंग्लैंड की टीम पहले से ही रक्षात्मक रुख़ अख्तियार करने के कारण टिक नहीं पाई सवाल- भारतीय टीम के नज़रिए से इस मैच से क्या-क्या सकारात्मक बातें निकल कर सामने आईं ? अरुण लाल- भारत की टीम-भावना बहुत ही सकारात्मक रही. यहाँ पर मुनाफ़ पटेल का बेहतरीन प्रदर्शन टीम के लिए अच्छी बात हुई है और भविष्य के लिए यह एक शुभ संकेत भी है. उनकी गेंदबाज़ी न केवल तेज होती है बल्कि लाइन और लेंथ भी बढ़िया है. उनके पास रिवर्स स्विंग भी है, पुरानी गेंद इस्तेमाल करने की क्षमता को उन्होंने आज दर्शाया. उनका प्रदर्शन न केवल टैस्ट क्रिकेट में बल्कि एक दिवसीय क्रिकेट में भी देखने लायक रहेगा. अंतिम ओवरों में गेंदबाजों की कमी को भी वे पूरा करेंगे. सवाल- टैस्ट मैच में पियूष चावला को जिस तरह कम उम्र में उतार दिया गया, क्या वे अभी इसके लिए पूरी तरह तैयार नहीं हैं ? अरुण लाल- दरअसल वे युवा खिलाड़ी हैं, उनमें हुनर और काबलियत की कमी नही हैं. मेरा मानना है कि आगे चलकर टीम के लिए काफ़ी उपयोगी साबित होंगे, और टीम को लेग स्पिनर की जो तलाश थी वह पूरी होगी. लेकिन अभी उनमें लेग स्पिन और साइड स्पिन देखने को नहीं मिली है, इसलिए उनको काफ़ी परिश्रम करना होगा. क्योंकि ज़्यादातर ओवर्स में स्पिन और गुगली देखने को मिली है. जिस प्रकार का टेम्परामेंट उन्होंने कम उम्र में दर्शाया है, वो आगे चलकर काफ़ी सफल होंगे. सवाल- वीरेंद्र सहवाग के फ़ार्म में न होने और टेस्ट क्रिकेट में खेलने की उनकी क्षमता को लेकर कई सवाल उठ रहे थे, लेकिन आज जिस तरह से उन्होंने बल्लेबाज़ी की और जीत की ओर भारत को बढ़ाया, उसके बारे में आपका क्या कहना है ? अरुण लाल- इसमें कोई संदेह नहीं कि वीरेंद्र सहवाग महान खिलाड़ी हैं. उनकी क्षमता के बारे में अगर कोई प्रश्न उठे थे तो उनमें कोई दम नहीं है. वे जब खेलते हैं तब आसानी से मैच जिताते हैं. उनकी क्षमता और टीम में रहने पर प्रश्न चिन्ह लगाना ठीक नहीं है. हाल के पाकिस्तान दौरे के दौरान ही 600 रन का पीछा करते हुए उन्होंने 254 रन बनाए थे. |
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