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चीन ने चलाईं तेज़ रफ़्तार की रेलगाड़ियाँ | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
चीन ने नई तेज़ गति की रेलगाड़ियों को चलाने की शरुआत की है. इनकी गति 200 किलोमीटर प्रति घंटा है. ऐसी 140 रेलगाड़ियाँ चलाने की योजना है. इनमें से पहली ट्रेन मंगलवार को शंघाई से रवाना हुई. चीन में रेलवे यात्रियों की बढ़ती संख्या की वजह से वहाँ मुश्किलें पैदा हो रही थीं. माना जा रहा है कि इन रेलगाड़ियों से यात्रियों को ले जाने की क्षमता में भारी वृद्धि होगी. चीन की समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने अधिकारियों के हवाले से कहा है कि गति बढ़ाने से यात्रियों को लाने ले जाने की क्षमता में 18 फ़ीसद तक की वृद्धि होगी और माल ढुलाई की क्षमता में 12 फ़ीसद तक बढोत्तरी होगी. हालांकि ये रेलगाड़ियाँ छह हज़ार किलोमीटर पर पूरी गति से चलेंगी और बाक़ी के 36 हज़ार किलोमीटर पर गति का प्रतिबंध लागू रहेगा. समाचार एजेंसी जिन्हुआ का कहना है कि इससे यात्रा का समय आधा हो जाएगा. एक 78 वर्षीय यात्री चेन लिजुआन का कहना था," मुझे ऐसा लगा कि मैं हवाई जहाज में यात्रा कर रहा हूँ." इस रेलगाड़ी के चालक लिऊ दोंगवी ने कोयले के इंजन से अपना काम शुरू किया था. उनका कहना है कि 1997 में ट्रेनों की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा हुआ करती थी और तब से आज तक रेलवे ने छह बार गति बढ़ाई है. | इससे जुड़ी ख़बरें 'ट्रेन टू पाकिस्तान' ने तय की आधी सदी 22 अगस्त, 2006 | पत्रिका तमिलनाडु में रेल दुर्घटना, 11 की मौत16 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस नक्सली हमले में दो जवान मारे गए08 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस चलती का नाम गाड़ी !15 नवंबर, 2002 | विज्ञान | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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