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एचआईवी के टीके का प्रयोग विफल
एचआईवी के उपचार के संभावित टीके को लेकर चल रहे प्रयोग विफल हो गए हैं. इस टीके पर काम कर रही कंपनी वैक्सजेन का कहना है कि थाईलैंड में एड्सवैक्स में हो रहे प्रयोगों के शुरुआती नतीजे सफल नहीं हो सके हैं. जिन लोगों को टीका दिया गया उनमें एचआईवी के बढ़ने की दर पर कोई फ़र्क नहीं पड़ा. वैक्सजेन के प्रमुख डोनाल्ड फ़्रांसिस का कहना था कि इस विफलता से शोधकर्ताओं को ये संदेश जाता है कि उन्हें सफल टीका बनाने के लिए दोहरी कोशिशें करनी चाहिए. वैसे अब तक हुए प्रयोगों के आधार पर लग रहा था कि एड्सवैक्स के प्रयोग विफल हो रहे हैं मगर थाईलैंड में प्रयोग अंतिम दौर में पहुँच चुका था, जहाँ बड़ी संख्या में इसका प्रयोग लोगों पर करके देखा गया कि क्या असर हो रहा है. अब इस सप्ताह वैक्सजेन की ओर से हुई इस घोषणा के बाद ये स्पष्ट हो गया है कि सफलता मिलती नहीं दिख रही है. यूँ तो इसका कोई साइड-इफ़ेक्ट नहीं दिखा मगर जिन लोगों को टीका दिया गया और जिनको नहीं दिया गया उन दोनों में ही कोई ख़ास फ़र्क नहीं था. उम्मीदों पर असर बैंकॉक में हुए इस प्रयोग में लगभग ढाई हज़ार लोगों को शामिल किया गया. इस तरह अब शोधकर्ताओं का ध्यान दूसरे शोधों की ओर जाने की संभावना है जो कि अफ़्रीका और दूसरे देशों में हो रहे हैं. कुछ जगहों पर ये प्रयोग आगे बढ़ चुके हैं मगर अंतिम नतीजों के लिए अभी कुछ समय इंतज़ार करना पड़ेगा. डोनाल्ड फ्रांसिस का कहना है, "इस प्रयोग के नतीजे दिखाते हैं कि एचआईवी के विरुद्ध संघर्ष कितना कठिन है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक प्रभावशाली टीका खोजना कितना ज़रूरी है." उनका कहना था कि यूँ तो प्रयोग विफल हो गए मगर इसके आधार पर अन्य जगहों पर हो रहे अध्ययनों में मदद मिलेगी. |
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