|
क्वात्रोकी का नाम इंटरपोल सूची से वापस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
केंद्रीय जाँच ब्यूरो ने इंटरपोल से कहा है कि बोफ़ोर्स तोप मामले में अभियुक्त ओत्तावियो क्वात्रोकी का नाम रेड कॉर्नर नोटिस सूची से हटा लिया जाए. भारत के कहने पर ही उनका नाम रेड कॉर्नर सूची में डाला गया था. पिछले 12 सालों से क्वात्रोकी का नाम इंटरपोल की मोस्ट वांटेड लिस्ट में है. पीटीआई के मुताबिक एटॉर्नी जनरल मिलॉन बैनर्जी से सलाह लेने के बाद ये फ़ैसला लिया गया है. सीबीआई के प्रवक्ता हर्ष बहल ने दिल्ली में कहा, "1999 से ये मामला अदालत में है. क़ानूनी सलाह लेने के बाद ही सीबीआई ने ये फ़ैसला किया है. 30 अप्रैल को अगली सुनवाई के दौरान हम कोर्ट को ये बात बता देंगे." लगभग 18 साल पहले यह बात सामने आई थी कि स्वीडन की हथियार कंपनी बोफ़ोर्स ने भारतीय सेना को तोपें सप्लाई करने का सौदा हथियाने के लिए 80 लाख़ डॉलर की दलाली चुकाई थी. उस समय केंद्र में काँग्रेस की सरकार थी जिसके प्रधानमंत्री राजीव गाँधी थे. आरोप था कि राजीव गाँधी परिवार के नज़दीकी बताए जाने वाले इतालवी व्यापारी ओतावियो क्वात्रोकी ने इस मामले में बिचौलिए की भूमिका निभाई. काफ़ी समय तक राजीव गाँधी का नाम भी इस मामले के अभियुक्त्तों की सूची में शामिल रहा. लेकिन उनकी मृत्यु के बाद उनका नाम इस मामले की फ़ाइल से हटा दिया गया था. आरोप है कि स्वीडन की हथियार निर्माता कंपनी बोफ़ोर्स ने भारत के साथ एक सौदे के लिए 1.42 करोड़ डॉलर की रिश्वत बाँटी थी और एक बिचौलिए के रूप में क्वात्रोकी को रिश्वत का एक बड़ा हिस्सा मिला था. कुल 400 बोफ़ोर्स तोपों की ख़रीद का सौदा 1.3 अरब डॉलर का था. एक इतालवी कंपनी के प्रतिनिधि के रूप में क्वात्रोकी 1993 तक दिल्ली में रहे थे. | इससे जुड़ी ख़बरें 'क्वात्रोकी मामले पर नई याचिका'18 अगस्त, 2007 | भारत और पड़ोस क्वात्रोकी के प्रत्यर्पण की याचिका ख़ारिज09 जून, 2007 | पहला पन्ना प्रत्यर्पण न होने के लिए केंद्र ज़िम्मेदार10 जून, 2007 | भारत और पड़ोस अर्जेंटीना में क्वात्रोकी को मिली ज़मानत 26 फ़रवरी, 2007 | भारत और पड़ोस 'क्वात्रोकी को कोई क्लीनचिट नहीं दी'15 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||