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करज़ई और बुश के बीच वार्ता शुरू | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अफ़ग़ानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करज़ई दो दिन की यात्रा पर अमरीका पहुँच गए हैं और राष्ट्रपति जॉर्ज बुश के साथ सुरक्षा संबंधी मसलों पर बातचीत शुरू हो गई है. उनकी यह यात्रा ऐसे समय पर हो रही है जबकि तालेबान ने 21 दक्षिण कोरियाई नागरिकों को बंधक बनाकर रखा है. अमरीका ने इस सामूहिक अपहरण की कड़ी निंदा की है और कहा है कि "तालेबान अपने आतंकवादी तौर-तरीक़ों से बाज़ नहीं आ रहा है." बताया जाता है कि बंधक बनाए गए ज़्यादातर लोग बीमार हैं जिनमें अधिक संख्या औरतों और बच्चों की है. इस बीच अफ़ग़ानिस्तान के ग़ज़नी प्रांत के गवर्नर ने आरोप लगाया है कि इस मामले में पाकिस्तानी चरमपंथियों और पाकिस्तान की ख़ुफ़िया एजेंसी का हाथ है. इनके अलावा अफ़ग़ानिस्तान में चार अफ़ग़ानों और एक जर्मन नागरिक को भी तालेबान के एक अन्य गुट ने बंधक बनाया हुआ है. रविवार को अमरीकी राष्ट्रपति के आरामगाह कैंप डेविड में हामिद करज़ई उनसे मिलकर अनौपचारिक बातचीत करेंगे. माना जा रहा है कि करज़ई अमरीकी राष्ट्रपति से बातचीत में गठबंधन सेना की कार्रवाइयों में निर्दोष अफ़ग़ान नागरिकों के मारे जाने पर चिंता प्रकट करेंगे. बीबीसी संवाददाता का कहना है कि करज़ई अमरीका से अनुरोध करेंगे कि वह पाकिस्तान पर दबाव डाले कि वह अपनी तरफ़ से चरमपंथियों को अफ़ग़ानिस्तान में घुसने से रोके. ईरान बीबीसी के वाशिंगटन स्थित संवाददाता जॉनाथन बील का कहना है कि अमरीका अफ़ग़ानिस्तान के पड़ोसी देश ईरान के बढ़ते प्रभाव से भी चिंतित है. अमरीका का कहना है कि ईरान तालेबान की मदद कर रहा है. माना जा रहा है कि अमरीकी राष्ट्रपति करज़ई पर दबाव बनाएँगे कि वे पूरे देश में अपने प्रशासन का दबदबा कायम करें और भ्रष्टाचार का ख़ात्मा करें. इस वर्ष अमरीका अफ़ग़ानिस्तान को 10 अरब डॉलर की सहायता दे रहा है जिसका उद्देश्य देश के सुरक्षा तंत्र को मज़बूत बनाना है. | इससे जुड़ी ख़बरें 'आम नागरिकों की मौत की जाँच हो'22 जून, 2007 | भारत और पड़ोस नैटो हमले में 'आम नागरिकों' की मौत22 जून, 2007 | भारत और पड़ोस काबुल को निशाना बनाने की रणनीति21 जून, 2007 | भारत और पड़ोस 'तालेबान दीर्घकालिक खतरा नहीं'21 जून, 2007 | भारत और पड़ोस भारत का बहुत कुछ है दाँव पर21 जून, 2007 | भारत और पड़ोस असुरक्षा के साए में अफ़ग़ानिस्तान19 जून, 2007 | भारत और पड़ोस अफ़ग़ानिस्तान संघर्ष में सौ की मौत19 जून, 2007 | भारत और पड़ोस अफ़ग़ानिस्तान में जीती जा सकेगी जंग?18 जून, 2007 | भारत और पड़ोस इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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