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आंध्र प्रदेश में बाढ़ का क़हर, 45 की मौत | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत के दक्षिणी राज्य आंध्र प्रदेश के कई इलाक़ों में आई बाढ़ में अभी तक 45 लोगों की मौत हो चुकी है. राज्य के कई ज़िलों में सड़क और रेल यातायात पूरी तरह ठप पड़ चुका है. आंध्र प्रदेश में शुक्रवार सुबह से लगातार बारिश हो रही है. मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी ने बाढ़ से प्रभावित कुरनूल, प्रकाशम, गुंटूर और कृष्णा ज़िलों के हवाई सर्वेक्षण पर जाने से पहले बताया कि सिर्फ़ कुरनूल में ही 21 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि गुंटूर और अन्य ज़िलों में 13 लोग मारे गए हैं. कृष्णा ज़िले के दिविसीमा क्षेत्र में 24 घंटे में 32 सेंटीमीटर, गुंटूर ज़िले में 25 सेमी और कुरनूल में 18 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई. राहत और बचाव बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित राज्य के चार ज़िलों कुरनूल, कृष्णा, गुंटूर और प्रकाशम के लगभग 20 हज़ार लोगों को 54 राहत शिविरों में भेजा जा चुका है. राज्य सरकार ने मारे गए लोगों के सगे-संबंधियों को दो लाख रुपए का मुआवज़ा देने की घोषणा की है. एक उच्च स्तरीय बैठक में स्थिति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री राजशेखर रेड्डी ने भारतीय नौसेना और वायुसेना से आग्रह किया कि वो राहत कार्यों में स्थानीय प्रशासन की मदद करें. कुरनूल ज़िले में बचाव और राहत कार्य के लिए विशेष पुलिस दस्ते पहले ही भेजे जा चुके हैं. प्रभावित क्षेत्र हैदराबाद से 285 किलोमीटर दूर कुरनूल ज़िले का नंदयाल क़स्बे बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुआ है और यहाँ पूरे क्षेत्र में चार-चार फुट तक पानी भर गया है. इलाक़े के एक स्कूल के क़रीब 100 बच्चे स्कूल की इमारत के चारों तरफ पानी भर जाने की वजह से छत पर फँसे हुए हैं. प्रशासन स्कूली बच्चों को निकालने की कोशिशों में लगा हुआ है. हुंदरी नदी का जल स्तर बढ़ जाने की स्थिति में आई बाढ़ से कुरनूल ज़िले के कई निचले रिहायशी इलाक़े बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं. दक्षिण-मध्य रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी पी कृष्णैया ने बताया कि गुंटूर और नांदयाल के बीच की रेल लाइनें बाढ़ के पानी से डूब गईं हैं जिससे देश के पूर्वी और दक्षिणी हिस्से में रेल सेवाएँ प्रभावित हो रही हैं. उन्होंने कहा, "बहुत सी एक्सप्रेस रेलगाड़ियों के मार्ग में परिवर्तन कर दिया गया है जबकि राज्य के अंदर चलने वाली पैसेंजर रेलगाड़ियों को रद्द कर दिया गया है." संभावना हैदराबाद के मौसम विभाग के कार्यालय के मुताबिक़ बंगाल की खाड़ी में बना उच्च दबाव जो शुक्रवार की सुबह आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्र काकीनाड़ा को पार कर गया था अब हैदराबाद के ऊपर केंद्रित हो चुका है. मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों में राज्य के सभी हिस्सों में भारी बारिश होने की संभावना जताते हुए राज्य प्रशासन से तैयार रहने को कहा है. हैदराबाद शहर में भी बाढ़ आने की संभावना जताई जा रही है क्योंकि शहर की हुसैन सागर झील का जल स्तर बहुत बढ़ गया है और झील का पानी अलग-अलग नहरों में छोड़ा जा रहा है. इन इलाक़ों के आसपास रहने वाले लोगों से सतर्क रहने के लिए कहा गया है. | इससे जुड़ी ख़बरें ग्लोबल वार्मिंग: कारण और उपाय07 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस बाढ़ से बदलती रेगिस्तान की तस्वीर05 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस पश्चिमी अफ़ग़ानिस्तान में बाढ़, 50 की मौत19 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस भारी बारिश के कारण 52 लोगों की मौत30 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस कश्मीर में बाढ़ के कारण लाखों प्रभावित04 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस जम्मू-कश्मीर में बाढ़, स्कूल बंद03 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस बाढ़ से उड़ीसा, मध्यप्रदेश में स्थिति गंभीर 01 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'रेत पर साँप की तरह आया पानी'01 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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