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बांग्लादेश में पूर्व मंत्री गिरफ़्तार | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
बांग्लादेश की पुलिस का कहना है कि उन्होंने देश के पूर्व क़ानून मंत्री और प्रभावशाली राजनीतिज्ञ मौदूद अहमद को हिरासत में ले लिया है. अहमद पर अभी तक कोई आरोप तय नहीं किए गए हैं और यह भी साफ़ नहीं है कि उन्हें क्यों गिरफ़्तार किया गया है लेकिन संवाददाताओं का कहना है कि पिछले दिनों उन पर टैक्स चोरी के आरोप लगे थे. मौदूद अहमद पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा ज़िया के निकटतम सहयोगी रहे हैं. इस बीच देश की सैन्य समर्थित कार्यवाहक सरकार ने यह भी कहा है कि आम चुनाव अगले साल के अंत तक टाल दिए गए हैं. इससे पहले 22 जनवरी को चुनाव होने थे लेकिन तत्कालीन राष्ट्रपति फखरुद्दीन अहमद ने इन चुनावों को रद्द कर आपातकाल की घोषणा कर दी थी. इसके बाद से कार्यवाहक सरकार ने भ्रष्टाचार के ख़िलाफ अभियान चला रखा था.
आपातकाल के तहत अभी तक 160 से अधिक राजनीतिज्ञों, व्यवसायियों और पूर्व नौकरशाहों को हिरासत में लिया गया है. प्रशासन का कहना है कि जब तक भ्रष्टाचार विरोधी अभियान पूरा नहीं होता तब तक चुनाव नहीं होगा. खाते सील मौदूद अहमद की गिरफ़्तारी उनके उतार चढ़ाव भरे कैरियर का हिस्सा है. वो खुद भी पूर्व में प्रधानमंत्री रह चुके हैं. इतना ही नहीं वो सैन्य शासक जनरल इरशाद की सरकार में रह चुके हैं और खालिदा ज़िया के साथ भी काम कर चुके हैं. संवाददाताओं के अनुसार पिछले महीने अंतरिम सरकार ने अहमद के बैंक खातों को भी सील कर दिया था. अहमद को इससे पहले भी भ्रष्टाचार के आरोपों के तहत गिरफ़्तार किया गया था. हालांकि उन्होंने अपने ऊपर लगे ताज़ा आरोपों को ख़ारिज़ किया है और खातों को सील करने के ख़िलाफ हाई कोर्ट में अपील की है. इससे पहले गुरुवार को राष्ट्रपति फखरुद्दीन अहमद ने टीवी पर एक संदेश में कहा कि वर्ष 2008 के अंत से पहले होने वाले चुनाव स्वतंत्र, निष्पक्ष और ईमानदारी से होंगे. | इससे जुड़ी ख़बरें चटगांव की झुग्गियों में आग, 21 मरे06 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस शेख़ हसीना के ख़िलाफ़ हत्या का आरोप11 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस ख़ालिदा के बेटे को हिरासत में भेजा गया09 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस बांग्लादेश में छह चरमपंथियों को फाँसी30 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस चुनावी लोकतंत्र नहीं चाहते सेनाध्यक्ष 02 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'बांग्लादेश में 18 महीनों तक चुनाव नहीं'05 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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