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एक शहर पर तालेबान फिर क़ाबिज़ | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अफ़ग़ानिस्तान में सक्रिय तालेबान ने दक्षिणी प्रांत हेलमंद के उस गाँव पर फिर से क़ब्ज़ा कर लिया है जिसे ब्रिटिश सैनिकों ने हाल ही में स्थानीय लोगों को सौंपा था. ब्रिटिश सैनिकों ने हेलमंद प्रांत के मूसा क़ला गाँव में स्थानीय क़बायली नेताओं के साथ शांति समझौता किया था जिसके बाद उस गाँव का नियंत्रण उन नेताओं को सौंपकर ब्रिटिश सैनिक वहाँ से हट गए थे. अमरीकी कमांडरों और कुछ राजनयिकों ने इस शांति समझौते की आलोचना की थी और कहा था कि यह समझौता दरअसल क़बायली नेताओं के साथ नहीं बल्कि तालेबान नेताओं के साथ ही किया गया था और तालेबान को हराने का यह सही तरीक़ा नहीं है. उस गाँव के कुछ ग्रामीणों ने कहा है कि वे अपना गाँव छोड़कर किसी दूसरे स्थान पर जा रहे हैं क्योंकि वहाँ तालेबान की मौजूदगी पर नैटो सैनिक बमबारी कर सकते हैं. मूसा क़ला शांति समझौते को रणनीति में महत्वपूर्ण और विवादास्पद बदलाव के रूप में देखा गया था. ब्रितानी सैनिकों का कहना है कि जिन क़बायली नेताओं के साथ यह समझौता हुआ था उन्होंने कहा था कि वे तालेबान लड़ाकों को उस शहर में नहीं आने देंगे और अपनी ख़ुद की पुलिस यूनिट के साथ सुरक्षा का इंतज़ाम करेंगे. अफ़ग़ानिस्तान में ब्रिटिश सेना के एक प्रवक्ता ने कहा कि उस शांति समझौते के बाद मूसा क़ला शहर में 142 दिन तक शांति रही है लेकिन अब ऐसा लगता है कि वह समझौता समाप्त हो गया है और इसलिए शांति भी भंग हो गई है. हेलमंद प्रांत के गवर्नर और स्थानीय लोगों ने बीबीसी को बताया है कि तालेबान रात के दौरान मूसा क़ला में घुस आए और ऐसे कुछ बुज़ुर्गों को पकड़ लिया जिन्होंने तालेबान का विरोध किया था, तालेबान ने कुछ सरकारी इमारतों को भी नुक़सान पहुँचाया है. राजधानी काबुल में बीबीसी संवाददाता एलेस्टेयर लीथहैड का कहना है कि मूसा क़ला गाँव पर तालेबान का नियंत्रण होना दरअसल हेलमंद प्रांत में शांति बहाल करने की रणनीति को एक बड़ा झटका है. यह घटना ऐसे समय में हुई है जब नैटो सेनाओं की कमान कुछ ही दिन में ब्रिटिश सैनिकों के हाथों से निकलकर एक अमरीकी जनरल को सौंपी जाएगी. | इससे जुड़ी ख़बरें मुशर्रफ़ ने सीमा पर ढिलाई मानी02 फ़रवरी, 2007 | भारत और पड़ोस तालेबान अफ़ग़ानिस्तान में 'स्कूल खोलेंगे'23 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस मुल्ला उमर पर दावा ग़लत: पाकिस्तान18 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस 'मुल्ला उमर पाकिस्तान में छिपे हैं'17 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस तालेबान प्रवक्ता को 'गिरफ़्तार' किया गया16 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस 'बाड़ और बारूदी सुरंग मुख्य विकल्प'04 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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