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बीबीसी हिंदी का रोड शो बिहार पहुँचा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
उत्तर भारत के तीन राज्यों की यात्रा पर निकला बीबीसी हिंदी रोड शो अब बिहार आ पहुँचा है. बिहार में बीबीसी हिंदी रोड शो का पहला पड़ाव 25 नंवबर को सासाराम होगा. उत्तर प्रदेश में हज़ारों लोगों से मुलाक़ात के बाद आपकी दुनिया, आपकी आवाज़ रोड शो बिहार के विभिन्न इलाक़ों में कार्यक्रमों का आयोजन करेगा. इन कार्यक्रमों में श्रोता भाग ले सकेंगे और कार्यक्रमों का बीबीसी पर प्रसारण भी किया जाएगा. बिहार में जिन विषयों पर चर्चा होगी उनमें मुख्य हैं – भूमि-सुधार और नक्सलवाद, हथियार, अपराध, क़ानून-व्यवस्था, बेरोज़गारी और शिक्षा. चर्चा के लिए इन विषयों का चुनाव विशेष रूप से किए गए सर्वेक्षण के आधार पर किया गया है जिसमें स्थानीय लोगों और नीति-निर्धारकों ने भाग लिया. बीबीसी हिंदी की अध्यक्ष अचला शर्मा ने पटना में एक पत्रकार वार्ता में इस रोड शो के मकसद के बारे मे बताया, "हमारा हाथ हमेशा भारत की नब्ज़ पर रहता है. हम जानना चाहते हैं कि लोगों के सरोकार क्या हैं, उनकी अपेक्षाएँ क्या हैं, वे अपनी ज़िंदगी में क्या परिवर्तन चाहते हैं". "इस वर्ष विशेष रूप से किए गए सर्वेक्षण से प्राप्त जानकारी हमारे लिए महत्वपूर्ण है. रोड शो के दौरान होने वाली चर्चाएं इसी के आधार पर आयोजित की जा रही हैं और हमारे कार्यक्रमों की रूप-रेखा तय करने में भी यह जानकारी अहम साबित होगी". "सर्वेक्षण में भाग लेने वाले सभी एकमत थे कि बीबीसी परिवर्तन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है". कार्यक्रम पत्रकार वार्ता में बीबीसी बिहार संवाददाता मणिकांत ठाकुर ने बिहार में बीबीसी से लोगों को लगाव को एक अच्छा सूचक बताया.
बीबीसी हिंदी टीम शनिवार, 25 नवंबर से गुरुवार 30 नवंबर तक सासाराम, आरा और नवादा में और फिर 13 दिसंबर से 25 दिसंबर तक मुंगेर, बरौनी, हाजीपुर, सीवान और गोपालगंज में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन करेगी और श्रोताओं से मुलाक़ात करेगी. बीबीसी हिंदी रोड शो की शुरुआत छह नवंबर से उत्तर प्रदेश के भदोही से हुई थी. बिहार के अलावा ये रोड शो झारखंड भी जाएगा. रोड शो 25 दिसंबर तक चलेगा. स्थानीय संस्कृति से जुड़ने की कोशिश में बीबीसी आपकी दुनिया, आपकी आवाज़ रोड शो के दौरान परंपरागत क़लमकारी कला का इस्तेमाल कर रही है. प्रत्येक रोड शो की शुरूआत रंगारंग नुक्कड़ नाटक से की जा रही है जिसमें बीबीसी सुनने के महत्व और फ़ायदों को दर्शाया जाएगा. इसके अलावा इस अवसर पर बीबीसी हिन्दी डॉट कॉम वेबसाइट (www.bbchindi.com) का परिचय भी कराया जाएगा. | इससे जुड़ी ख़बरें बीबीसी हिंदी का रोड शो 16 नवंबर से13 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस ‘कैसे आबाद हो धनबाद’ 22 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस ज़हरीले नशे में घुलता अनाथ बचपन14 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस फिर चला बीबीसी हिंदी का कारवाँ08 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस बिहार से क्यों होता है पलायन?27 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस भारत बदला, क्या बदला गोंडा?05 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस विचार-मंथन में युवाओं की सक्रिय भागीदारी24 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस चल पड़ा बीबीसी हिंदी का कारवाँ04 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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