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कश्मीरी नेताओं की इस्लामाबाद में बैठक | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत और पाकिस्तान के हिस्सों में पड़नेवाले कश्मीर के विभिन्न मतों वाले लगभग 50 नेताओं की इस्लामाबाद में एक संयुक्त बैठक हो रही है. तीन दिन की इस बैठक में कश्मीर संकट के साझा हल पर विचार किया जा रहा है. अंतरराष्ट्रीय संगठन पगवाश ने इससे पहले नेपाल में भी ऐसी एक बैठक करवाई थी लेकिन इस्लामाबाद की बैठक को उससे बड़ा बताया जा रहा है. पाकिस्तान में इस बैठक के संयोजक लेफ़्टिनेंट जनरल तलत मसूद ने बताया है कि बैठक में सभी पक्ष खुलकर अपनी बात कर सकें इसलिए बैठक बंद कमरे में हो रही है. बैठक में वे नेता भी हैं जो स्वतंत्र कश्मीर की माँग कर रहे हैं. फिर वे नेता भी हैं जो भारत या पाकिस्तान के साथ मिलना चाहते हैं. इनके अलावा वे लोग भी हैं जो कश्मीर की स्वायत्तता बढ़ाना चाहते हैं. भारत सरकार के मत का समर्थन करनेवाले नेताओं में सबसे महत्वपूर्ण नाम नेशनल कॉन्फ़्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला का है जो बैठक में हिस्सा ले रहे हैं. पाकिस्तान में पगवाश के संयोजक लेफ़्टिनेंट जनरल तलत मसूद का कहना है कि बैठक का मुख्य उद्देश्य ये देखना है कि भारत और पाकिस्तान के बीच जारी शांति प्रक्रिया किसी निश्चित हल तक पहुँच सके. बैठक वैसे तो एक निजी प्रयास के कारण हो रही है लेकिन समझा जाता है कि इसे भारत और पाकिस्तान की सरकारों का आशीर्वाद प्राप्त है. | इससे जुड़ी ख़बरें 'मध्यस्थता' की संवेदनशीलता समझी है अमरीका ने28 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस 'कश्मीरी नेताओं का सहयोग चाहिए'25 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस कश्मीर पर मध्यस्थता की अपील14 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस मनमोहन और सज्जाद लोन की मुलाक़ात14 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस कश्मीर अंतरराष्ट्रीय मसला: पाकिस्तान08 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस काठमांडू में जुटे दोनों कश्मीरों के नेता12 दिसंबर, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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