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सहायता प्रयास बढ़ाने का आहवान | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अफ़ग़ानिस्तान में अगले पाँच सालों में विकास की नई योजनाओं पर विचार करने के लिए लंदन में दानदाता देशों का एक अहम सम्मेलन हो रहा है जिसमें साठ से अधिक देशों के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं. सम्मेलन में भाग लेने वाले दान दाता देशों के प्रतिनिधियों का आहवान किया गया है कि वे अफ़ग़ानिस्तान के पुनर्निर्माण के लिए अपने प्रयास तेज़ करें. अफ़ग़ानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करज़ई ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि इसके साथ एक नया अध्याय शुरू हो रहा है लेकिन अभी लंबा रास्ता तय करना है. अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने कहा कि राष्ट्रपति जॉर्ज बुश कांग्रेस से कहेंगे कि वह अफ़ग़ानिस्तान में सहायता कार्यों के लिए एक अरब डॉलर से ज़्यादा राशि दे. ब्रिटेन के प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने कहा कि अफ़ग़ानिस्तान की मदद करना सिर्फ़ अफ़ग़ानियों के लिए ही महत्वपूर्ण नहीं है बल्कि पूरी दुनिया के लिए अहम है. इस सम्मेलन में अफ़ग़ानिस्तान के पुनर्निर्माण, सुरक्षा, आर्थिक विकास और मानवाधिकारों की पाँच साल की योजना को मंज़ूरी दी जानी है. इस योजना के तहत नशीले पदार्थों के व्यापार का भी मुक़ाबला किया जाना है. हालाँकि अफ़ग़ानिस्तान में चुनाव हो गए हैं लेकिन अब भी चिंता का मुख्य विषय सुरक्षा, ग़रीबी और नशीली दवाओं की तस्करी ही है. एक बड़े प्रतिनिधि मंडल के साथ लंदन पहुँचे अफ़ग़ानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करज़ई ने कहा है कि अभी आने वाले कुछ समय तक उनके देश को अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सहायता की ज़रुरत है. इस सम्मेलन का आयोजन अफ़ग़ानिस्तान और संयुक्त राष्ट्र ने मिलकर किया है. यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब नैटो ने अफ़ग़ानिस्तान में अपने सैन्य शक्ति के विस्तार की योजना बनाई है और वहाँ छह हज़ार और सैनिक भेजे जा रहे हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें ब्रिटेन और सैनिक भेजेगा26 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना 'नैटो को तालेबान से निपटना होगा'18 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना 'अफ़ग़ानिस्तान को सहायता जारी रहेगी'01 दिसंबर, 2005 | भारत और पड़ोस अफ़ग़ानिस्तान बना सार्क सदस्य13 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस 'अमरीका रणनीति पर पुनर्विचार करे'20 सितंबर, 2005 | भारत और पड़ोस लोकतंत्र का अफ़ग़ानिस्तानी मॉडल18 सितंबर, 2005 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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