|
आंध्र में माओवादियों का ट्रेन पर हमला | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
दक्षिण भारत के राज्य आंध्रप्रदेश में रविवार को माओवादी चरमपंथियों ने एक ट्रेन पर हमला करके रेलवे सुरक्षा बल के तीन जवानों को मार दिया और सुरक्षा बल के क़रीब 15 लाख रुपए और शस्त्र लूट लिए. इससे पहले शनिवार रात को चरमपंथियों ने एक पुलिस स्टेशन पर रॉकेट लांचर से हमला करके उसे ध्वस्त करने की नाक़ाम कोशिश भी की. यह जानकारी आंध्रप्रदेश पुलिस ने दी है. विजयनगरम ज़िले की पुलिस अधीक्षक भावना सक्सेना ने बीबीसी को बताया कि यह हमला माओवादी कम्यूनिस्ट पार्टी के सशस्त्र नक्सलियों ने रविवार की दोपहर विजयवाड़ा-रायगढ़ पैसेंजर ट्रेन के एक डिब्बे पर कोनेरू रेलवे स्टेशन के पास किया. यह रेलवे स्टेशन उड़ीसा की सीमा से लगा हुआ है. उन्होंने बताया, "क़रीब 10 सशस्त्र चरमपंथियों ने रेलवे सुरक्षा बलों के एक डिब्बे पर हमला बोलकर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी जिसके जवाब में सुरक्षा बलों की ओर से भी 10 मिनट तक जवाबी कार्यवाही की गई. इस मुठभेड़ में क़रीब तीन सुरक्षाकर्मी मारे गए हैं जबकि हमलावर तीन 303-राइफ़लें और नकदी का बक्सा ले जाने में सफल रहे. पुलिस सूत्रों के मुताबिक रेलवे सुरक्षा बल के जवान अपने विभाग में लोगों की तनख्वाह बाँटने के लिए नकदी लेकर इस रेलगाड़ी में सफ़र कर रहे थे. मुठभेड़ में दो चरमपंथी भी घायल हुए हैं. पुलिस को अंदेशा है कि ये चरमपंथी उड़ीसा के सीमावर्ती क्षेत्रों में ही छिपे हुए हैं और इनकी खोजबीन की कार्यवाही शुरू कर दी गई है. एक और हमला इससे पहले से कुछ घंटे पहले ही विशाखापट्टनम ज़िले के पास स्थित सिलेरू पुलिस स्टेशन पर नक्सलियों ने हमला बोला पर पुलिस की सतर्कता के चलते यह हमला नाकाम हो गया. इस कार्यवाही में एक पुलिस कांस्टेबिल को चोटें आई हैं. पुलिस सूत्रों के मुताबिक इस घटना को अंजाम देने के लिए आंध्र-उड़ीसा के सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय क़रीब सौ नक्सली चरमपंथी अंजाम देनेवाले थे. इस घटना में शनिवार रात को दोनों ओर से काफ़ी देर तक गोलीबारी होती रही और आख़िरकार नक्सलियों में मोर्चा छोड़ दिया और जंगलों में भाग गए. | इससे जुड़ी ख़बरें दोतरफ़ा कार्रवाई की ज़रूरत :कौशल20 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस 'नक्सलवाद के पीछे व्यवस्था की विफलता'23 अक्तूबर, 2005 | भारत और पड़ोस नक्सलियों को चुनाव लड़ने की चुनौती21 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस आँध्र प्रदेश में गिरफ़्तारियाँ19 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस आंध्र में नक्सली गुटों पर फिर पाबंदी17 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस उड़ीसा में नक्सलियों का जेल-थानों पर हमला07 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस उड़ीसा विस्फोट में दस मरे | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||