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'पाकिस्तान सहायता नहीं पहुँचाने दे रहा' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारतीय प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अफ़ग़ानिस्तान यात्रा से पहले भारत ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तान उसे अफ़ग़ानिस्तान को आर्थिक सहायता देने में अड़चनें पैदा कर रहा है. भारत का कहना है कि पाकिस्तान उसे राहत सामग्री पाकिस्तान के रास्ते अफ़ग़ानिस्तान पहुँचाने नहीं दे रहा. भारतीय विदेश सचिव श्याम सरन ने कहा है कि भारत को राहत सामग्री ईरान के रास्ते अफ़ग़ानिस्तान भेजनी पड़ी है. महत्वपूर्ण है कि ये आरोप प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अफ़ग़ानिस्तान यात्रा से केवल दो दिन पहले लगाए गए हैं. मनमोहन सिंह पिछले लगभग तीन दशक में अफ़ग़ानिस्तान जाने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे. इससे पहले 1976 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी ने काबुल की यात्रा की थी. भारत अफ़ग़ानिस्तान में देश के संसद भवन का निर्माण करवा रहा है और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह वहाँ उसकी आधारशिला रखने के कार्यक्रम में मौजूद होंगे. आधारशिला अफ़ग़ानिस्तान के पूर्व शासक ज़ाहिर शाह रखेंगे. भारतीय प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह दो दिन की यात्रा पर 28 अगस्त को काबुल पहुँचेंगे. विदेश सचिव श्याम सरन का कहना है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पाँच करोड़ डॉलर के वित्तीय पैकेज की घोषणा करेंगे. भारत अफ़ग़ानिस्तान के चुनाव में भी सहायता कर रहा है. इसके अलावा भारत अफ़ग़ानिस्तान के पुनर्निर्माण में भी सहायता दे रहा है. भारतीय विदेश सचिव के अनुसार प्रधानमंत्री काबुल के नज़दीक स्थित बाबर की मज़ार पर भी जाएँगे. उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री के साथ जा रहे संसदीय प्रतिनिधिमंडल में राहुल गाँधी भी शामिल हैं. |
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