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नेपाल से अमरीकी कर्मचारी लौटेंगे | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका ने कहा है कि नेपाल में ख़तरे को देखते हुए वहाँ अमरीकी दूतावास में तैनात कम महत्वपूर्ण कर्मचारियों को परिवारों सहित वापस बुलाया जा रहा है. नेपाल में अमरीकी दूतावास ने सुरक्षा कारणों का हवाला देकर दूतावास कर्मचारियों के रिश्तेदारों को अमरीका वापस भेजने के लिए अपनी सरकार से अनुमति माँगी थी. साथ ही उन्होंने नेपाल में अमरीका के एक स्वयंसेवी कार्यक्रम को भी स्थगित करने का सुझाव दिया गया था. अमरीकी विदेश विभाग ने बुधवार को ऐलान किया कि अमरीकी शांति कोर के स्वयं सेवक जो काम कर रहे हैं उसे भी स्थगित किया जा रहा है और अमरीकी नागरिकों को भी यह सलाह दी जा रही है कि अगर उनकी यात्रा बहुत ज़रूरी नहीं है तो वे नेपाल ना जाएँ. अधिकारियों का कहना है कि माओवादी विद्रोहियों के संभावित हमले की सूचनाएँ मिली थीं. पिछले सप्ताह शुक्रवार को नेपाली राजधानी काठमाँडू में अमरीकी सूचना केंद्र के बाहर दो बम विस्फोट हुए थे जिसमें कोई हताहत तो नहीं हुआ था लेकिन इमारत को कुछ नुक़सान हुआ था. यह तो पता नहीं चला कि वे विस्फोट किसने किए थे लेकिन माओवादी विद्रोहियों ने अमरीकी ठिकानों को यह कहते हुए निशाना बनाने की धमकी दी है कि अमरीका नेपाल सरकार को समर्थन देता है. अमरीका ने नेपाल को माओवादी समस्या को हल करने के लिए और 10 लाख डॉलर देने की घोषणा की है. |
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