BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
बुधवार, 09 जून, 2004 को 19:45 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
निराश नहीं हैं युवा सांसद

सचिन पायलट
सचिन पायलट को मलाल नहीं है मंत्री पद नहीं मिलने का
कांग्रेस के टिकट पर जीतकर आए युवा सांसद इस बात से निराश नहीं हैं कि उन्हें मनमोहन सिंह सरकार में जगह नहीं मिली है.

साथ ही इन दिनों संसद में हो रहे हंगामे को लेकर इनका कहना है कि पिछली सरकार में भी कुछ ऐसे मंत्री थे जिनके विरुद्ध चार्जशीट थी.

वैसे इन्हें उम्मीद है कि आने वाले समय में कांग्रेस के युवा सांसदों को भी मंत्रिपरिषद में स्थान मिलेगा.

मनमोहन सिंह सरकार के गठन के समय उम्मीद की जा रही थी कि कुछ युवा चेहरों को भी मंत्रिपरिषद में जगह मिलेगी मगर ऐसा नहीं हुआ.

सरकार गठन के समय माना जा रहा था मध्य प्रदेश के गुना से चुनकर आए ज्योतिरादित्य सिंधिया, दौसा के सचिन पायलट, पूर्वी दिल्ली से संदीप दीक्षित या शाहजहाँपुर के जतिन प्रसाद को मंत्रिपरिषद में जगह मिल सकती है.

इसके अलावा राहुल गाँधी को मंत्रिपरिषद में लिया जाएगा या नहीं इसे लेकर भी अटकलों का बाज़ार गर्म रहा.

मगर कांग्रेस के ऐसे किसी भी सांसद को सरकार में शामिल नहीं किया गया. बल्कि कुछ तो हारे हुए चेहरों को भी मंत्रिपरिषद में जगह मिली और कुछ नेता ऐसे थे जिनके विरुद्ध आरोप पत्र हैं.

इस संबंध में उल्लेखनीय है कि किसी भी पार्टी के टिकट पर संसद में पहुँचे प्रमुख युवा चेहरे पारिवारिक परंपराओं को ही आगे बढ़ा रहे हैं.

'कांग्रेस ने पहचाना है'

राजेश पायलट के पुत्र और राजस्थान में दौसा से चुनकर आए सचिन पायलट को इस बात की ख़ुशी है कि कांग्रेस ने बड़े पैमाने पर युवाओं को टिकट दिया.

राहुल गाँधी
राहुल गाँधी के नेतृत्व में युवा सांसदों को संगठन के काम में लगाने की चर्चा है

वह कहते हैं, "नौजवानों की शक्ति को अगर किसी ने पहचाना है तो वो कांग्रेस है. नई सरकार में कई ऐसे सदस्य हैं जो युवा हैं भले ही वे हमारी पार्टी के नहीं हों."

सचिन के अनुसार, "सरकार चलाने के लिए अनुभव चाहिए और प्रशासन चलाने के लिए जो कार्यशैली चाहिए उसे देखते हुए हमारे पास जो अनुभव और प्रतिभा थी उसका अच्छा उपयोग हुआ है."

इसी तरह संसद में इन दिनों हो रहे हंगामे पर सचिन का कहना है कि ये हंगामा मचाना विपक्ष को शोभा नहीं देता और इससे संसदीय मर्यादा को ठेस पहुँची है.

'भविष्य में मिलेगा मौक़ा'

दक्षिण मुंबई सीट से भाजपा नेता जयवंतीबेन मेहता को हराकर आए और वरिष्ठ कांग्रेसी नेता मुरली देवड़ा के पुत्र मिलिंद देवड़ा इस बात से काफ़ी ख़ुश हैं कि कांग्रेस पार्टी ने इतने युवाओं को टिकट दिया.

 नौजवानों की शक्ति को अगर किसी ने पहचाना है तो वो कांग्रेस है. नई सरकार में कई ऐसे सदस्य हैं जो युवा हैं भले ही वे हमारी पार्टी के नहीं हों
सचिन पायलट, दौसा से सांसद

वह कहते हैं, "पार्टी में कम से कम युवाओं को आगे आने का मौक़ा मिला है."

वह भी कहते हैं कि मंत्रिपरिषद में आने के लिए अनुभव चाहिए. देवड़ा कहते हैं कि जिन लोगों के पास काफ़ी अनुभव है पहले चरण में उन्हें मौक़ा दिया गया है मगर भविष्य में युवाओं को भी मौक़ा मिलेगा.

मिलिंद की प्राथमिकता अपने क्षेत्र में पुरानी इमारतों की मरम्मत पर ध्यान देना है. वह कहते हैं कि इसके लिए वह प्रधानमंत्री पर दबाव बनाने की कोशिश करेंगे कि मरम्मत के लिए एक कोष बनाया जाए.

'इतने युवाओं को टिकट मिला'

उत्तर प्रदेश की शाहजहाँपुर सीट से चुनकर आए जतिन प्रसाद दिवंगत कांग्रेसी नेता जितेंद्र प्रसाद के पुत्र हैं.

मिलिंद देवड़ा
मिलिंद देवड़ा के अनुसार कांग्रेस में युवाओं को आगे आने का मौक़ा मिला है

वह कहते हैं कि सबसे बड़ी बात तो यही है कि कांग्रेस ने इतनी बड़ी संख्या में युवकों को टिकट दिया.

उनके अनुसार भी मंत्री बनाना या नहीं बनाना तो प्रधानमंत्री के ऊपर है. वैसे वह मानते हैं कि कुमारी शैलजा को युवाओं के प्रतिनिधि के रूप में मंत्री पद दिया गया है.

जतिन कहते हैं कि अभी जो चुनकर आए हैं उन्हें अनुभव की ज़रूरत है.

इसी तरह वह मानते हैं कि दाग़ी मंत्रियों के मसले पर संसद में हंगामा वही नेता कर रहे हैं जो ख़ुद पिछली सरकार में थे और उन पर चार्जशीट थी.

प्रसाद का कहना है कि उनके क्षेत्र में उनके पिता ने एक थर्मल पावर प्लांट की योजना स्वीकृत कराई थी मगर उसमें आगे कोई कार्रवाई नहीं हुई इसलिए अब वह उसी दिशा में और काम करना चाहते हैं.

अब माना जा रहा है कि राहुल गाँधी के नेतृत्व में इन युवा सांसदों को संगठन की ज़िम्मेदारी सौंपी जाएगी.

इससे जुड़ी ख़बरें
इंटरनेट लिंक्स
बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>