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'पप्पू यादव खुले कैसे घूम रहे हैं' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मीडिया में आ रही ख़बरों के आधार पर आज सर्वोच्च न्यायालय ने बिहार सरकार को नोटिस जारी करते हुए पूछा कि न्यायिक हिरासत में होने के बावजूद पप्पू यादव बाहर कैसे घूम रहे हैं. राजेश रंजन यादव यानी पप्पू यादव ख़ुद पूर्णिया लोकसभा क्षेत्र से लोकजनशक्ति पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं और वे चुनाव के एक दिन पहले मधेपुरा लोकसभा क्षेत्र में घूम रहे थे. पप्पू यादव पर मज़दूर नेता अजीत सरकार की हत्या का आरोप है. इस मामले में पटना उच्च न्यायालय ने उन्हें ज़मानत दे दी थी लेकिन बाद में सर्वोच्च न्यायालय ने इसे रद्द कर दिया था. न्यायमूर्ति एन संतोष हेगड़े और न्यायमूर्ति बीपी सिंह के खंडपीठ ने बिहार के गृहसचिव और पुलिस महानिरीक्षक (जेल) को नोटिस जारी किया है. अदालत ने दोनों अधिकारियों से जवाब माँगा है कि न्यायिक हिरासत में होने के बावजूद पप्पू यादव मधेपुरा कैसे पहुँच गए. अधिकारियों से अदालत ने यह ब्यौरा भी मांगा है कि पप्पू यादव कितने दिन जेल में रहे और कितने दिन ईलाज के लिए अस्पताल में बिताए और फिर वे वहाँ से निकल कैसे गए. अदालत ने निर्देश दिए हैं कि पप्पू यादव को गिरफ़्तार कर जेल में बंद किया जाए. |
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