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पाकिस्तान की शर्तें अव्यावहारिक: भारत
भारत ने इस बात पर खेद व्यक्त किया है कि पाकिस्तान ने उसके प्रस्तावों पर जो शर्तें लगाईं हैं वो शांति प्रक्रिया में विलंब करने वाली और अव्यावहारिक हैं. साथ ही पाकिस्तान के कुछ प्रस्तावों पर सकारात्मक प्रतिक्रिया व्यक्त करने का स्वागत किया है. भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नवतेज सरना ने कहा कि पाकिस्तान एक तरह से विभिन्न मार्गों पर बसें चलाने के प्रस्ताव पर सहमत नहीं हुआ है उनका कहना था, "हमें अफ़सोस है कि पाकिस्तान ने दिल्ली-लाहौर के रास्ते में अतिरिक्त बसें चलाने के प्रस्ताव के साथ ही मुंबई-कराची, खोकरापार-मुनाबाओ और श्रीनगर-मुज़फ़्फ़राबाद के बीच नई सेवा शुरू करने का प्रस्ताव स्वीकार नहीं किया है." दूसरी तरफ़ पाकिस्तान के विदेश मंत्री ख़ुर्शीद महमूद कसूरी ने बीबीसी हिंदी सेवा से हुई बातचीत में कहा है कि वे दोनों देशों के बीच विश्वास बढ़ाने के उपायों के पक्ष में हैं.
पाकिस्तान ने बुधवार को भारत के शांति के लिए रखे 12 सूत्री प्रस्तावों का स्वागत किया था लेकिन सीधे बातचीत न किए जाने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया था. पाकिस्तान ने कहा था कि वह यातायात के नए संपर्कों को विकसित करने के लिए कार्य करेगा. भारत के दोनों कश्मीर के बीच बस सेवा चालू करने किए जाने के प्रस्ताव को पाकिस्तान के विदेश सचिव रियाज़ खोखर ने 'नेक ख्याल' बताया लेकिन इसके लिए संयुक्त राष्ट्र की निगरानी की बात कही. भारत ने पाकिस्तान के साथ संबंध सुधारने की दिशा में पिछले सप्ताह बुधवार को 12 सूत्री पहल की थी. रियाज़ खोखर ने कहा था, " हम दोनों देशों के बीच शांति स्थापित करने के लिए लगातार और गंभीर बातचीत करना चाहते हैं." उनका कहना था," हम उम्मीद करते हैं कि भारत बातचीत के बारे में अपने रुख़ की फिर समीक्षा करेगा." |
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