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फ़ोन टैपिंग के मुद्दे पर बिल पारित | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका में सांसदों ने एक बिल पारित किया है जिसके तहत उन कंपनियों को संरक्षण दिया जाएगा जिन्होंने फ़ोट टैप करने के व्हाइट हाउस के विवादित प्रोग्राम में मदद की थी. बिल ने अमरीका सरकार को ये अधिकार भी दिया है कि बिना वारंट लोगों के फ़ोन टॉप करने की योजना को वो लागू रखे. जब ये पता चला था कि अमरीका सरकार ने अनुमति दी है कि बिना वारंट के कुछ लोगों के फ़ोन टैप किए जा सकते हैं तो इसकी काफ़ी आलोचना हुई थी. राष्ट्रपति बुश ने कहा था कि अमरीका पर किसी हमले को रोकने के लिए ऐसा किया गया था. इस सिलसिले में कई टेलीकॉम कंपनियों पर करीब 40 मुकदमे चल रहे थे. अमरीका के हाउस ऑफ़ रिप्रिजेंन्टेटिवस में ड्रेमोक्रेटिक और रिपब्लिकन दोनों पार्टियों की मदद से बिल पारित हुआ. अब बिल पारित होने के बाद अगर टेलीफ़ोन कंपनियाँ अदालत में लिखित दस्तावेज़ पेश करेगीं कि व्हाइट हाउस ने उन्हें लोगों के फ़ोन कॉल पर नज़र रखने को कहा है तो कोर्ट उनके ख़िलाफ़ मामला खारिज कर देंगी. अब ये बिल सिनेट में जाएगा और वहाँ पारित होने के बाद क़ानून बन जाएगा. | इससे जुड़ी ख़बरें अमरीकी पूछताछ नीति की आलोचना18 जून, 2008 | पहला पन्ना बुश ने कहा- निगरानी सही02 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना निगरानी कार्यक्रम लीक होने की जाँच30 दिसंबर, 2005 | पहला पन्ना निगरानी कार्यक्रम लीक होने की जाँच होगी19 दिसंबर, 2005 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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