BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
शनिवार, 24 मार्च, 2007 को 17:08 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
ईरान का दावा, ब्रिटेन ने 'ग़लती' मानी
ब्रिटिश नौसेना
वर्ष 2004 में ऐसी ही एक अन्य घटना में आठ ब्रितानी सैनिकों को अगवा कर लिया गया था
ईरान ने दावा किया है कि खाड़ी में शुक्रवार को हिरासत में लिए गए 15 ब्रितानी नौसैनिकों ने यह मान लिया है कि वे ईरानी जलक्षेत्र में थे.

जनरल अली रज़ा अफ़शार ने ईरानी मीडिया से कहा कि ब्रितानी नौसैनिकों से पूछताछ की जा रही और वे सभी अच्छी हालत में हैं.

इस बीच शनिवार को इस बारे में भ्रम की स्थिति बनी हुई थी कि इन ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों को कहा रखा गया है. ब्रिटेन का विदेश मंत्रालय भी इन कर्मचारियों के ठिकाने के बारे में कुछ नहीं बता सका.

ईरानी समाचार एजेंसी एफ़एआरएस ने शनिवार को पहले कहा कि पंद्रह ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों को राजधानी तेहरान पहुँचा दिया गया है और वहाँ उनसे इस बारे में जानकारी हासिल की जाएगी कि वे ईरान के जलक्षेत्र में ग़ैरक़ानूनी रूप से क्यों दाख़िल हो गए थे.

लेकिन बाद में इस एजेंसी ने अपनी वेबसाइट से इस समाचार को हटा दिया, हालाँकि इस बारे में कोई स्पष्टीकरण नहीं प्रकाशित किया.

उधर राजधानी तेहरान में ब्रितानी दूतावास ने कहा कि उसे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है कि ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों को कहाँ रखा गया है और इस बारे में ईरानी विदेश मंत्रालय से स्थिति स्पष्ट करने को कहा गया है.

ईरान के विदेश मंत्रालय ने ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों के बर्ताव को संदेहास्पद क़रार दिया है लेकिन ब्रिटेन और अमरीका सरकारों का कहना है कि ब्रितानी नौसैनिक ईरानी जलक्षेत्र में घुसे ही नहीं.

ईरानी विदेश मंत्रालय ने एक वक्तव्य जारी करके शिकायत की है कि ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों ने ईरान के जलक्षेत्र में ग़ैरक़ानूनी और दख़लअंदाज़ी करने वाले अंदाज़ में दाख़िल हुए हैं और यह कार्रवाई शक पैदा करने वाली है.

विदेश मंत्रालय के वक्तव्य में कहा गया है कि ब्रितानी अधिकारी इस भारी भूल को सुधारने के बजाय अपनी इस ग़लती के लिए दूसरों को ज़िम्मेदार ठहराने में लगे हुए हैं.

ईरानी विदेश मंत्रालय के वक्तव्य में ब्रिटेन की इस दलील का कोई ज़िक्र नहीं किया गया है कि ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों को जिस समय हिरासत में लिया गया उस समय वे इराक़ी जलक्षेत्र सीमा में थे या अगर वे ईरानी जलक्षेत्र में पहुँच भी गए थे तो ऐसा बस भूल से हुआ.

ब्रितानी नौसैनिक कर्मचारियों को रिहा किए जाने के बारे में भी ईरान सरकार की तरफ़ से कुछ नहीं कहा गया है.

आरोप-प्रत्यारोप

ईरानी समाचार एजेंसी एफ़एआरएस ने ख़बर दी थी कि एक महिला नौसैनिक समेत सभी 15 नौसैनिकों को तेहरान ले जाया गया है.

ब्रितानी नौसैनिक
पश्चिमी देशों और ईरान के बीच पहले से ही संबंध तनावपूर्ण हैं

समाचार एजेंसी ने सूत्रों के हवाले से ये भी कहा कि हिरासत में लिए जाते समय नौसैनिकों के पास मौजूद जीपीएस उपकरण दर्शा रहे थे कि वे ईरानी जलसीमा में हैं लेकिन बाद में समाचार एजेंसी ने इस ख़बर को रोक लिया. हालाँकि कोई भूल-सुधार या स्पष्टीकरण नहीं जारी किया गया.

उधर एक ईरानी सैनिक कमांडर ने कहा है कि पकड़े गए ब्रितानी सैनिकों ने ईरानी जल-सीमा का अतिक्रमण करने की बात मान ली है.

जनरल अली-रज़ा अफ़शार ने ईरानी रेडियो पर कहा, "पूछताछ के दौरान ब्रितानी सैनिकों ने स्वीकार किया है कि उन्हें ईरानी जल-सीमा में गिरफ़्तार किया गया है."

ब्रिटेन अब भी अपने सैनिकों की गिरफ़्तारी को अवैध बता रहा है लेकिन अब एक इराक़ी नौसैनिक कमांडर ने भी संकेत दिए हैं कि ईरान का दावा सही हो सकता है.

देश की जल-सीमा पर निगरानी रखने वाले इराक़ी अधिकारी ब्रिगेडियर जनरल हकीम जसीम ने कहा, "हमें इराक़ी मछुआरों ने इराक़ी जलसीमा के बाहर ब्रितानी नौसैनिक बोट देखे जाने की सूचना दी थी. हमें नहीं पता, वे वहाँ क्या कर रहे थे."

अभी तक ईरानी अधिकारियों ने इस बात के कोई संकेत नहीं दिए हैं कि क्या ब्रितानी नौसैनिकों को जल्दी ही छोड़ दिया जाएगा.

वर्ष 2004 में ऐसे ही एक मामले में आठ ब्रितानी नौसैनिकों को ईरान ने हिरासत में लिया था, लेकिन तब उन्हें तीन ही दिन बाद रिहा कर दिया गया था.

इस समय ईरान और पश्चिमी देशों के संबंध पहले से कहीं ज़्यादा तनावपूर्ण हैं, और ऐसे में मामले के और ज़्यादा गंभीर होने से इनकार नहीं किया जा सकता.

इससे जुड़ी ख़बरें
'क्या हवाई हमले कारगर होंगे'
05 मार्च, 2007 | पहला पन्ना
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>