|
साद हरीरी ने ट्राइब्यूनल की माँग की | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
लेबनान के पूर्व प्रधानमंत्री रफ़ीक हरीरी के बेटे साद हरीरी ने कहा है कि उनके पिता की हत्या के लिए ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ एक ट्राइब्यूनल का गठना होना चाहिए. साद हरीरी ने रफ़ीक हरीरी की हत्या पर संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट की प्रशंसा की है. उन्होंने कहा कि वे और उनका परिवार न्याय चाहते हैं, बदला नहीं. इस मुद्दे पर लेबनान में शनिवार को कैबिनेट की बैठक हो रही है. उधर ब्रिटेन और अमरीका ने रफ़ीक हरीरी हत्याकांड में सीरिया का नाम आने के बाद संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने की माँग की है. अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस और ब्रितानी विदेश मंत्री जैक स्ट्रॉ ने संयुक्त राष्ट्र की जाँच रिपोर्ट को बहुत ही गंभीर बताया है. स्ट्रॉ इस समय राइस के आमंत्रण पर उनके गृह प्रांत अलबामा में हैं. उन्होंने संकेत दिया है कि सीरिया पर प्रतिबंध लगाने के विकल्प पर भी विचार हो सकता है. कार्रवाई अलबामा से बीबीसी संवाददाता जोनाथन बीली के अनुसार स्ट्रॉ ने कहा है कि संयुक्त राष्ट्र की जाँच रिपोर्ट से साफ ज़ाहिर है कि हत्याकांड में सीरिया के उच्च स्तर के अधिकारियों का हाथ रहा होगा. उन्होंने किसी सीरियाई अधिकारी का नाम नहीं लिया, लेकिन कहा कि सीरियाई सरकार के ख़िलाफ़ इतने गंभीर आरोपों के बाद भी अंतरराष्ट्रीय समुदाय का हाथ पर हाथ रख बैठे रहना उचित नहीं होगा. अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने कहा है कि कोई भी फ़ैसला करते समय लेबनान की राय भी ली जानी चाहिए. इन कड़े बयानों के बावजूद दोनों विदेश मंत्रियों ने यह स्पष्ट नहीं किया कि सीरिया के ख़िलाफ़ अंतरराष्ट्रीय समुदाय का अगला क़दम क्या हो सकता है, हालाँकि स्ट्रॉ ने प्रतिबंधों की संभावना से इनकार नहीं किया. उल्लेखनीय है कि संयुक्त राष्ट्र की जाँच रिपोर्ट में लेबनान के पूर्व प्रधानमंत्री रफ़ीक हरीरी की कार बम हमले में मौत के मामले में सीरिया का सीधा हाथ होने की बात कही गई है. रिपोर्ट में कहा गया है कि हत्याकांड की योजना में लेबनानी सुरक्षा अधिकारियों की भी मिलीभगत रही होगी. |
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||