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ग़ज़ा में इसराइली हमला, कई घायल | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इसराइली विमान ने ग़ज़ा में फ़लस्तीनी ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं. एक स्कूल पर हुए हमले में कम से कम 17 फ़लस्तीनी घायल हो गए हैं. ग़ज़ा से इसराइल की वापसी के बाद पहली बार हो रहे ये हमले रविवार तड़के तक जारी थे. इसराइल ने कहा है वह कि शुक्रवार को फ़लस्तीनी चरमपंथी गुट हमास के रॉकेट हमले की प्रतिक्रिया में कार्रवाई कर रहा है. हमले में पाँच इसराइली नागरिक घायल हो गए थे. दूसरी ओर हमास का कहना है कि उसने शुक्रवार को ही उन धमाकों के बाद रॉकेट दागे जिनमें कम से कम 15 फ़लस्तीनियों की मौत हो गई. हमास धमाकों के लिए इसराइल पर आरोप लगाता है, जबकि इसराइल का कहना है कि धमाकों में उसकी कोई भूमिका नहीं थी. इसराइली अधिकारियों ने फ़लस्तीनी क्षेत्र में सेना भेजे जाने की संभावना से भी इनकार नहीं किया है. मंत्रिमंडल की मंज़ूरी इससे पहले इसराइली मंत्रिमंडल की सुरक्षा संबंधी समिति ने फ़लस्तीनी क्षेत्र में सैनिक कार्रवाई को मंज़ूरी दे दी. इसराइली अख़बार हैरेत्ज़ के अनुसार इसराइली कार्रवाई को ऑपरेशन फ़र्स्ट रेन का नाम दिया गया है. इसमें ज़मीनी और हवाई हमलों के अलावा ख़ास हमास नेताओं को निशाना बनाया जाना शामिल होगा. संयुक्त राष्ट्र महासचिव कोफ़ी अन्नान ने ताज़ा हिंसा पर चिंता ज़ाहिर की है. येरूशलम से बीबीसी संवाददाता के अनुसार इसराइल ने ग़ज़ा में ऐसे समय कार्रवाई की है जबकि एक बार फिर प्रधानमंत्री अरियल शेरॉन के नेतृत्व को चुनौती मिल रही है. |
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