BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
गुरुवार, 08 सितंबर, 2005 को 16:05 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
अफ़ग़ान महिलाओं का कार चलाना
अफ़ग़ान महिलाएँ
अफ़ग़ानिस्तान में तालेबान के शासन के दौरान महिलाओं पर बहुत पाबंदियाँ थीं
अफ़ग़ानिस्तान में वो दिन महिलाओं के लिए बहुत महत्वपूर्ण था जब अधिकारियों ने 21 जनवरी, 2003 को घोषणा की कि वहाँ महिलाएँ दस साल की पाबंदी के बाद कार चला सकेंगी.

इसी घोषणआ के साथ पहली बार तीस महिलाओं को ड्राइविंग लाइसेंस दिए गए जो तालेबान शासन की समाप्ति के बाद एक और अहम क़दम था.

इनमें से अधिकतर महिलाओं के मामलों से संबद्ध मंत्रालय में काम करती हैं और उन्होंने चार महीने तक कार चलाने का प्रशिक्षण लिया.

तालेबान के ज़माने में महिलाओं के काम करने, स्कूल जाने या कार चलाने पर प्रतिबंध था.

 हमें अन्य महिलाओं को प्रेरणा देनी चाहिए कि वे अपने अधिकार पाने के लिए ज़रूरी क़दम उठाएँ
शाहजहाँ सरवरी
कार चलाना सीखने वाली एक महिला शाहजहाँ सरवरी का कहना था, "पूरी तरह पुरुषों के वर्चस्व वाले समाज में औरतों के लिए कार चलाना कोई आसान काम नहीं है."

"हमें अन्य महिलाओं को प्रेरणा देनी चाहिए कि वे अपने अधिकार पाने के लिए ज़रूरी क़दम उठाएँ और अफ़ग़ान समाज में महिलाओं और पुरुषों की बराबरी सुनिश्चित करें".

जर्मनी के एक ग़ैर-सरकारी संगठन ने इस काम का बीड़ा उठाया था और उन्होंने दो अफ़ग़ान पुरुषों को इस काम के लिए नियुक्त किया.

तीस महिला डॉक्टर भी कार चलाने का प्रशिक्षण ले रही हैं और उन्हें अप्रैल में लाइसेंस मिल जाएँगे.

इससे जुड़ी ख़बरें
इंटरनेट लिंक्स
बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>