अंकिता भंडारी केस: कांग्रेस ने लगाए आरोप, पुलिस मामले को भटकाना चाहती है
अंकिता भंडारी हत्या मामले में उत्तराखंड कांग्रेस के अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ़्रेंस कर राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं.
गणेश गोदियाल ने आरोप लगाया है कि अदालती कार्रवाई को लेकर आरटीआई के तहत मिले दस्तावेज़ बताते हैं कि राज्य सरकार इस मामले के मुख्य अभियुक्त का नार्को टेस्ट कराने से बच रही थी, ताकि वीआईपी का नाम बाहर न आए.
उन्होंने आरोप लगाया, “मुक़दमे में मुख्य अभियुक्त पुलकित आर्य ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर ख़ुद का नार्को टेस्ट कराने की मांग की थी, लेकिन सरकारी वकील ने इस बात का विरोध किया.
उन्होंने कहा, “यह इस बात को दर्शाता है कि सरकार मुख्य अभियुक्त का नार्को टेस्ट कराने से बच रही थी ताकि वीआईपी का नाम बाहर न आने पाए.”
उन्होंने प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कहा, “मुझे लगता है अपराध के इतिहास में यह पहला केस है जिसमें अभियुक्त कह रहा है कि मेरा नार्को टेस्ट हो और सरकार कोर्ट में उस नार्को टेस्ट का विरोध कर रही है.”
गणेश गोदियाल ने आरोप लगाया कि सरकार को डर था कि इससे उनके नेताओं का नाम सामने आ जाएगा.
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार हर कदम पर इस मामले की जांच को भटकाने का प्रयास कर रही है.
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद भी आज तक सीबीआई जांच के लिए प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई है या नहीं, यह स्पष्ट नहीं है.
इसी महीने की शुरुआत से उत्तराखंड की अंकिता भंडारी हत्याकांड का मामला एक बार फिर सुर्ख़ियों में आ गया है. इस मामले की सीबीआई जांच की मांग को लेकर उत्तराखंड में कई जगहों पर आंदोलन भी हुए.
इस आंदोलन के शुरू होने के क़रीब 15 दिनों के बाद राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मामले पर पहली प्रतिक्रिया दी थी.
इससे पहले बीजेपी से निष्कासित पूर्व विधायक सुरेश राठौर की पत्नी और अभिनेत्री उर्मिला सनावर ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी किया था, जिसके बाद उत्तराखंड का अंकिता भंडारी हत्याकांड दोबारा चर्चा में आ गया.
वीडियो में उर्मिला सनावर ने हत्याकांड से जुड़े एक कथित 'वीआईपी' का नाम सामने लाने की बात कही है और भारतीय जनता पार्टी के कुछ नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए.
उत्तराखंड के ज़िले पौड़ी गढ़वाल के डोभ श्रीकोट की रहने वाली अंकिता भंडारी ऋषिकेश में लक्ष्मण झूला थाना क्षेत्र और चीला के बीच मौजूद वनंतरा रिज़ॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थीं.
2022 के सितंबर माह में अंकिता के लापता होने की ख़बर आई थी और फिर दो दिन बाद चीला नहर से अंकिता का शव बरामद किया गया था.
युवती की हत्या, साक्ष्य मिटाने और अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम के अंतर्गत गंभीर आरोपों में पुलिस ने कई लोगों को गिरफ़्तार किया था जिनमें वनतरा रिसॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य का नाम भी शामिल है.