घटिया स्तन प्रत्यारोपणों पर मुकदमा शुरु

फ्रांस में लाखों महिलाओं के स्तन प्रत्यारोपण में धांधली से जुड़े मामले की सुनवाई शुरू हो गई है. पीआईपी कंपनी के पांच अधिकारी मुकदमे का सामना कर रहे हैं.
पॉली इम्प्लांट प्रोथीज (पीआईपी) कंपनी पर आरोप है कि उसके घटिया क्वॉलिटी के स्तन प्रत्यारोपण से 65 देशों में तीन लाख महिलाओं को स्वास्थ संबंधी गंभीर समस्याएं हुईं.
पीआईपी के पूर्व प्रमुख ज्यौं क्लोद मास और उनकी प्रबंधन टीम के पांच सदस्यों पर बड़ी धांधली करने आरोप तय किए गए हैं.
कंपनी के ब्रेस्ट इंप्लांट में घटिया सिलिकॉन जेल का इस्तेमाल किया गया जिससे बाद में वो फटने लगे.
बड़ा मुकदमा
पांच हजार से ज्यादा महिलाओं ने अपनी गलत ब्रेस्ट इम्प्लांट की शिकायत दर्ज की थी. मामले की सुनवाई 700 सीटों वाली भवन में हो रही है, ताकि ज्यादा से ज्यादा शिकायतकर्ता और वकील सुनवाई के दौरान मौजूद रह सकें.
इसे फ्रांस के कानूनी इतिहास के सबसे बड़े मुकदमों में से एक माना जा रहा है.
पीआईपी कंपनी मार्च, 2010 में बंद हो गई थी. घटिया स्तर का सिलिकॉन इस्तेमाल करने से इम्प्लांट बहुत ज्यादा फटी पाई गई.
चार हजार से ज्यादा महिलाओं ने फटे हुए इम्प्लांट की शिकायत की. इसके बाद केवल फ्रांस में 15,000 पीआईपी इम्प्लांट को बदला गया.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार पीआईपी ब्रेस्ट इम्प्लांट बनाने वाली दुनिया की सबसे अग्रणी कंपनी थी. आंकड़ों के अनुसार ब्रिटेन में 42 हजार, फ्रांस में 30 हजार, ब्राजील में 25 हजार और कोलंबिया में 15 हजार से ज्यादा महिलाओं ने पीआईपी ब्रेस्ट इम्प्लांट कराया था.
सम्मान की मांग
47 साल की एंजेला मॉरो ने अपने <link type="page"><caption> ब्रेस्ट</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/news/2011/12/111220_beautyqueen_dead_pp.shtml" platform="highweb"/></link> इम्प्लांट के दो बार फटने की शिकायत की थी. उन्हें इस मुकदमे से खासी उम्मीद है. वो कहती हैं, “आशा है कि महिलाओं को अदालत से भी वही सम्मान मिलेगा जो चिकित्सा अपराधो के अन्य पीड़ितों को दिया जाता है.”

मॉरो ने समाचार एजेंसी एएफपी को बताया, “मैं चाहती हूं कि हमें केवल ब्रेस्ट इम्प्लांट करने वाली महिला की नजर से नहीं देखा जाए, बल्कि हमें पीड़ित समझा जाए.”
कंपनी के संस्थापक मास अपना नाम और पेशा बताने के लिए कोर्ट में जैसे ही ख़ड़े हुए आसपास के लोग <link type="page"><caption> छी-छी</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/news/2012/01/120115_breast_bomb_sdp.shtml" platform="highweb"/></link> करने लगे.
मास, उनके सहयोगी क्लौद काउटी, क्वॉलिटी डायरेक्टर हनीलोर फ्रंट, टेकनीकल डायरेक्टर लूईक गोसार्ट और प्रोडक्ट चीफ थेररी ब्रिनान पर मुकदमा चल रहा है.
दोषी पाए जाने पर इन लोगों को पांच साल कैद की सजा हो सकती है. ये मुकदमा 17 मई तक चल सकता है.












