नए पोप के सिलसिले में कार्डिनलों की बैठक

दुनिया भर से जुटे रोमन कैथोलिक कार्डिनलों की रोम में बैठक होने जा रही है जिसमें <link type="page"> <caption> नए पोप</caption> <url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/02/130212_international_new_pope_va.shtml" platform="highweb"/> </link> के चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी.
'कॉलेज ऑफ कार्डिनल्स' की अब रोजाना बातचीत होगी जो नया पोप चुनने के लिए होने वाले सम्मेलन तक जारी रहेगी.
आठ वर्ष तक पोप के पद पर रहने वाले <link type="page"> <caption> बेनेडिक्ट सोलहवें</caption> <url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/02/130227_pope_last_speech_vr.shtml" platform="highweb"/> </link> ने पिछले दिनों इस्तीफा दे दिया. अब दुनिया के 1.2 अरब कैथोलिक ईसाइयों को नया पोप चुने जाने का इतंजार है.
बेनेडिक्ट सोलहवें 600 वर्षों में अपना पद छोड़ने वाले पहले पोप हैं.
अहम प्रक्रिया
सोमवार को होने वाली कार्डिनलों की बैठक की अध्यक्षता कॉलेज ऑफ कार्डिनल्स के डीन कार्डिनल एंजेलो सोडानो करेंगे.
चर्च के ‘राजकुमार’ कहे जाने वाले कार्डिनल अपनी बैठक में चर्च के सामने मौजूद चुनौतियों पर चर्चा करेंगे और उन्हीं को ध्यान में रख कर <link type="page"> <caption> कैथोलिक चर्च</caption> <url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/india/2013/02/130213_pope_last_mass_aa.shtml" platform="highweb"/> </link> के प्रमुख पद के लिए उम्मीदवारों को परखेंगे.
अगले हफ्ते कार्डिनलों का अहम सम्मेलन शुरू हो सकता है. संवाददाताओं का कहा है कि इसमें लगभग ऐसे 115 निर्वाचक कार्डिनल हिस्सा लेंगे जिनकी उम्र 80 वर्ष से कम है. उनकी कोशिश होगी कि नए पोप का चुनाव समय से हो जाए.
85 वर्षीय बेनेडिक्ट सोलहवें बीते शुक्रवार को वेटिकन के स्थानीय समयानुसार रात आठ बजे पोप की जिम्मेदारियों से मुक्त हो गए. उन्होंने कहा है कि ‘वो अपने उत्तराधिकारी के प्रति बिना शर्त आज्ञाकारी रहेंगे और उनका सम्मान करेंगे.’
पोप का पद छोड़ने के बाद वो अपने मूल नाम योसेफ रात्सिंगर के बजाय बेनेडिक्ट सोहलवें के नाम से ही जाने जाएंगे और उन्हें ‘अवकाशप्राप्त पोप’ कहा जाएगा.












