बांग्लादेशः ख़ालिदा ज़िया की पोती को ऐसा क्या कह डाला मंत्री ने कि छोड़नी पड़ी कुर्सी

बांग्लादेश के सूचना मंत्री मुराद हसन ने अभद्र टिप्पणियों को लेकर हुई आलोचनाओं के बाद अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया है. प्रधानमंत्री शेख़ हसीना ने एक दिन पहले उन्हें इस्तीफ़ा देने का निर्देश दिया था.

मुराद हसन पिछले एक सप्ताह से पूर्व प्रधानमंत्री बेग़म ख़ालिदा ज़िया की पोती के ख़िलाफ़ की गई टिप्पणी को लेकर आलोचनाओं का शिकार हो रहे थे.

इसी बीच एक फ़ोन कॉल की लीक ऑडियो क्लिप से भी उनका नाम जोड़ा जा रहा है जिसमें उन्होंने कथित तौर पर एक अभिनेत्री को रेप की धमकी दी है.

इन दोनों घटनाओं की वजह से अवामी लीग सरकार एक मुश्किल स्थिति में फँस गई थी और आख़िर उनसे मंगलवार तक इस्तीफ़ा देने के लिए कहा गया था.

मंगलवार को मुराद हसन ने अपना इस्तीफ़ा भेज दिया है. साथ ही उन्होंने अपने फ़ेसबुक पेज पर एक पोस्ट किया है.

इसमें उन्होंने लिखा है- "मुझसे यदि कोई ग़लती हुई है, या यदि मेरी बातों से मां-बहनों को कष्ट हुआ है, तो मुझे क्षमा करें."

प्रधानमंत्री ने माँगा था इस्तीफ़ा

पार्टी महासचिव और सड़क परिवहन मंत्री ओबैदुल क़ादिर ने सोमवार रात को पत्रकारों को बताया कि इन विवादों के बाद प्रधानमंत्री हसीना ने मंत्री मुराद अली से मंगलवार तक इस्तीफ़ा देने का निर्देश दिया है.

उन्होंने बताया कि इस बारे में प्रधानमंत्री ने सोमवार शाम को उनके साथ चर्चा की जिसके बाद शेख़ हसीना ने कहा कि मंत्री को इस्तीफ़ा देना होगा..

ओबैदुल क़ादिर ने बताया कि मंत्री को सोमवार रात को ही प्रधानमंत्री के इस निर्देश की जानकारी दे दी गई.

बांग्लादेश में इस तरह की परिस्थिति में प्रधानमंत्री का किसी मंत्री को इस्तीफ़ा देने के लिए कहने को देश की राजनीति में एक दुर्लभ घटना बताया जा रहा है.

संविधान विशेषज्ञों का कहना था कि यदि हसन इस्तीफ़ा नहीं देते तो प्रधानमंत्री राष्ट्रपति से आदेश जारी करवाकर उन्हें बर्ख़ास्त कर सकती हैं.

विवादों में मंत्री

मुराद हसन ने पिछले दिनों देश की मुख्य विपक्षी पार्टी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के कार्यकारी प्रमुख तारिक़ रहमान की बेटी और देश की पूर्व प्रधानमंत्री बेग़म ख़ालिदा ज़िया की पोती के बारे में एक टिप्पणी की थी जिसे लेकर पिछले एक सप्ताह से मीडिया में उनकी ज़बरदस्त आलोचना हो रही थी.

ख़ालिदा ज़िया की पोती जाइमा रहमान एक युवा वकील हैं जो अपने पिता के साथ लंदन में रहती हैं.

भ्रष्टाचार के आरोप में दोषी पाई गई ख़ालिदा ज़िया गंभीर रूप से बीमार हैं और ढाका के एक अस्पताल में भर्ती हैं. उनके बड़े बेटे तारिक़ रहमान पर भी भ्रष्टाचार के कई आरोप हैं जिनसे बचने के लिए वो लंदन में रह रहे हैं.

उनके बारे में की गई टिप्पणी को महिला अधिकार संगठनों और वकीलों ने "अश्लील और अपमानजनक" कहा. वहीं बीएनपी ने सत्ताधारी अवामी लीग पार्टी पर अपना पक्ष स्पष्ट करने की मांग की.

अवामी लीग के महासचिव ओबैदुल क़ादिर ने मंत्री हसन की टिप्पणियों से दूरी बनाते हुए कहा है कि ये "उनकी निजी टिप्पणियाँ हैं जिनका पार्टी से कोई संबंध नहीं है".

हालाँकि, मुराद हसन ने इस संबंध में बीबीसी से बात करते हुए कहा कि उन्होंने ये बयान देकर कोई भूल नहीं की है.

टिप्पणियों में क्या कहा

जाइमा रहमान को लेकर मुराद हसन ने एक फ़ेसबुक लाइव के दौरान अभद्र और रंगभेदी टिप्पणी की जिनमें से अधिकांश बातों को प्रकाशित नहीं किया जा सकता है.

फिर भी इसमें एक जगह उन्हें ये कहते सुना जाता है- "मेरा चेहरा बहुत ख़राब है."

इसके बाद पिछले शनिवार को एक टीवी टॉक शो में उन्होंने बीएनपी की एक और महिला नेता के ख़िलाफ़ ज़ुबानी हमला किया.

इसमें उन्होंने बीएनपी की पूर्व सांसद सैयदा आसिफ़ा अशरफ़ी पापिया की आलोचना करते हुए एक जगह उन्हें "मानसिक रोग से ग्रस्त" और "उनका इलाज होना चाहिए" जैसी बातें कहीं. उस कार्यक्रम में दोनों के बीच उस समय ज़ुबानी जंग छिड़ी हुई थी.

इन दोनों घटनाओं को लेकर पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर उनकी भारी आलोचना हो रही थी.

बात इतनी बढ़ गई थी कि उनकी अपनी ही पार्टी के कट्टर समर्थकों में से भी कई ने उनकी आलोचना शुरू कर दी थी.

अभिनेत्री का ऑडियो क्लिप

इस विवाद के बीच ही फ़ेसबुक पर एक फ़ोन कॉल की क्लिप शेयर हो रही है, जिसमें एक व्यक्ति एक अभिनेत्री से अशोभनीय बातें करता और धमकी देता सुना जा रहा है.

इस व्यक्ति की आवाज़ मुराद हसन जैसी लगती है. हालाँकि, उनसे संपर्क करने के बावजूद इस संदर्भ में उनकी प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है.

माहिया माही नाम की इस अभिनेत्री ने अब एक वीडियो प्रकाशित कर इस बात की पुष्टि की है कि ये उनका ही फ़ोन कॉल था और ये बातचीत दो साल पुरानी है.

फ़िलहाल हज के लिए सऊदी अरब गई अभिनेत्री ने कहा है कि जब ये घटना हुई तो वो ख़ुद को असहाय महसूस कर रही थीं.

उन्होंने अपने वीडियो मैसेज में कहा है कि मुराद हसन ने ये ऑडियो क्लिप कुछ सप्ताह पहले लीक की जिससे उन्हें इतना अपमान महसूस हुआ और चोट लगी कि उनके पास जवाब देने के लिए कोई शब्द नहीं था.

मंत्री अपने बयान पर क़ायम

मुराद हसन ने बीबीसी से कहा है कि उनकी जिन टिप्पणियों को लेकर विवाद हो रहा है उससे पहले तारिक़ रहमान की बेटी उन पर गंदी भाषा में हमला करती रही हैं.

उन्होंने कहा, "वो मेरी बेटी से एक साल बड़ी हैं. मेरी बेटी के बराबर होने के बाद भी उन्होंने मुझे जिस गंदी भाषा में ट्रोल किया है वो निंदनीय है. सोशल मीडिया के ज़रिए मेरे पास ऐसी कई तस्वीरें आई हैं."

वहीं टीवी शो में पूर्व सांसद पर की गई टिप्पणियों के बारे में मुराद हसन ने कहा, "आप यदि उस शो को देखें, तब आपको समझ आएगा कि मैंने वैसा क्यों कहा."

"मैं एक डॉक्टर हूँ. उस हैसियत से मेरा जो नज़रिया था, वो मैंने कहा. अगर वो ग़लत होता है, तो मुझे दुख होगा."

मगर सैयदा आसिफ़ा अशरफ़ी पापिया का कहना है कि "यदि मुराद हसन सच में निर्वाचित जनप्रतिनिधि होते तो इस तरह के ज़िम्मेदार स्थान से ऐसी टिप्पणी नहीं कर पाते".

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