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ईरान: किस ख़तरे से निपटने के लिए शुरू किया हमदान ऐप
तलाक के बढ़ते मामलों और बच्चों की जन्मदर में कमी से चिंतित ईरान ने विवाह के बंधन को मज़बूती प्रदान करने के लिए अपने देश में एक डेटिंग ऐप की शुरुआत की है.
इस ऐप को हमदान नाम दिया है. फ़ारसी ज़बान के इस शब्द का मतलब है साथी. इस ऐप को बनाने वाले इस्लामिक प्रोपेगेंडा ऑर्गेनाइजेशन से जुड़े हुए हैं.
दावा किया गया है कि ये ऐप आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस के ज़रिए उन कुंवारे लोगों की जोड़ियों को मिलाएगा जो स्थायी विवाह और सिर्फ एक पत्नी चाहते हैं.
डेटिंग ऐप्स ईरान में लोकप्रिय हैं लेकिन अब केवल हमदान ऐप ही क़ानूनी रूप से मान्य होगा.
ईरान का क़ानून विवाह के दायरे से बाहर आपसी सहमति से यौन संबंध बनाने को अपराध मानता है.
हमदान वेबसाइट के मुताबिक, इस ऐप का इस्तेमाल करने वालों को अपनी पहचान की पुष्टि करना होगा और ऐप पर पार्टनर की तलाश शुरू करने से पहले मनोवैज्ञानिक परीक्षण से भी गुजरना होगा.
मेल होने होने के बाद ये ऐप सलाहकारों की मौजूदगी में दोनों परिवारों को मिलाएगा और यही सलाहकार विवाह के चार वर्ष बाद जोड़े से दोबारा मिलेंगे.
'ईरान पर ख़तरा'
हमदान ऐप को बनाने वाले संस्थान के प्रमुख का कहना है कि ''ये ऐप स्वस्थ परिवारों को तैयार करेगा, वो भी तब जबकि पारिवारिक मूल्यों पर शैतान और ईरान के दुश्मनों का ख़तरा मंडरा रहा है.''
नेशनल ऑर्गेनाइजेशन फ़ॉर सिविल रजिस्ट्रेशन के आंकड़ों के मुताबिक, ईरान में मार्च 2020 से दिसंबर 2020 के बीच 307,300 विवाह हुए और इस दौरान 99,600 तलाक़ भी हुए. वर्ष 2008 में आठ शादियों में केवल एक तलाक़ हुआ था.
ईरान की सालाना जनसंख्या वृद्धि में वर्ष 2020 में 1.29 प्रतिशत की गिरावट आई है.
ईरान की आधी से अधिक आबादी 35 वर्ष के आयुवर्ग में है. लेकिन सरकार ने चेतावनी दी है कि यदि कोई कार्रवाई नहीं की गई तो ईरान अगले तीन दशक में दुनिया का सबसे बुजुर्ग देश बन जाएगा.
इसी साल मार्च में ईरान की संसद ने एक बिल पास किया था जिसमें विवाह और दो से अधिक बच्चे पैदा करने वाले जोड़ों को आर्थिक मदद की पेशकश की गई थी. हालांकि इसे अभी गार्डियन काउंसिल से मंज़ूरी मिलना बाक़ी है.
पिछली साल ही अधिकारियों ने सरकारी अस्पतालों में परिवार नियोजन से जुड़ी सेवाओं को सीमित कर दिया था. पुरुषों की नसबंदी ही बंद कर दी गई और महिलाओं के लिए भी गर्भ-निरोधक उपाए तभी उपलब्ध होंगे जब उनके स्वास्थ्य पर कोई ख़तरा होगा.
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