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'किम की हत्या उत्तर कोरिया की क्रूरता का संकेत'
दक्षिण कोरिया ने उत्तर कोरिया कोरियाई नेता किम जोंग-उन के सौतेले भाई के मारे जाने की पुष्टि की है. दक्षिण कोरिया ने कहा कि ये उत्तर कोरिया की क्रूरता का एक संकेत हो सकता है.
किम जोंग-नम को मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर में सोमवार को ज़हर देकर मार दिया गया था. इस हमले का मक़सद साफ़ नहीं हो पाया है और न ही हमलावरों की शिनाख्त हो पाई है.
दक्षिण कोरिया के कार्यकारी राष्ट्रपति ह्वांग क्यो-अह ने कहा कि अगर इसके लिए उत्तर कोरिया जिम्मेदार है तो इससे उसकी क्रूरता और अमानवीयता का स्वभाव सामने आएगा.
उन्होंने कहा, ''अगर इसकी पुष्टि हो जाती है तो उत्तर कोरियाई नेतृत्व के हाथों किम जोंग-उन के चाचा के बाद सबसे हाई-प्रोफाइल मौत होगी. 2013 में चांग सोंग-थाइक को मार दिया गया था.''
किम सोमवार को कुआलालंपुर से मकाउ के लिए फ्लाइट पकड़ने वाले थे, तभी उन पर केमिकल अटैक हुआ. इस मौत को मंगलवार को सार्वजनिक किया गया.
शव का एक और पोस्टमॉर्टम किया जा सकता है. एक मलेशियाई पुलिस ऑफिसर फ़दज़िल अहमत ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स से कहा, ''इसमें कोई संदिग्ध नहीं है लेकिन हमने जांच शुरू कर दी है. हम इसमें कुछ आशंकाओं की जांच कर रहे हैं.''
पुलिस एयरपोर्ट पर सुरक्षा कैमरों के फुटेज की स्टडी कर रही है. मीडिया में दिखाई जा रही तस्वीरों में किम के अगल-बगल दो महिलाएं हैं. बाद में दोनों महिलाएं टैक्सी से जाती दिखीं.
अमरीकी सरकार के सूत्रों ने बताया कि किम को उत्तर कोरिया के एजेंटों ने ज़हर देकर मारा है. हालांकि इस मामले में व्हाइट हाउस की कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं आई है.
आख़िर हुआ क्या?
मलेशिया स्टार न्यूज़पेपर की रिपोर्ट में पुलिस के हवाले से बताया गया है, ''किम जब कुआलालंपुर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के बजट टर्मिनल पर सोमवार को नौ बजे के आसपास मकाउ के लिए फ़्लाइट का इंतज़ार कर रहे थे तभी उन पर हमला हुआ.'' इस हमले को कैसे अंजाम तक पहुंचाया गया यह अभी तक साफ़ नहीं है.
अधिकारियों और चश्मदीदों का कहना है कि उन पर केमिकल अटैक हुआ या फिर उनके चेहरे पर कपड़ा रखकर मारा गया. इससे पहले की रिपोर्ट में बताया जा रहा था कि उन्हें स्प्रे या नीडल का इस्तेमाल करके मारा गया. किम की मौत हॉस्पिटल ले जाते वक़्त रास्ते में हो गई.
पहचान जाहिर करने में देरी क्यों की गई?
मंगलवार को दक्षिण कोरिया की मीडिया में नाम बताया गया लेकिन मलेशियाई प्रशासन ने शुरू में बताया कि एक अज्ञात उत्तर कोरियाई नागरिक की एयरपोर्ट पर बीमार अवस्था में गिरने से मौत हो गई है. बाद में पुलिस ने इससे जुड़े दस्तावेज़ों को जारी किया और मृतक व्यक्ति का नाम किम चोल और जन्म तिथि 10 जून 1970 बताई. माना जा रहा है कि किम जोंग-नम की जन्म तिथि 10 मई 1971 है.
यह पहली बार नहीं है जब किम फ़र्ज़ी पहचान के ज़रिए यात्रा पर थे. 2001 में भी किम जापान में फ़र्ज़ी पासपोर्ट के ज़रिए घुसने की कोशिश करते पकड़े गए थे. उन्होंन अधिकारियों से कहा था कि वह टोक्यो के डिज़्नीलैंड में जाने के लिए कोशिश कर रहे थे.