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वन चाइल्ड पॉलिसी ख़त्म होते ही बढ़ी चीन की आबादी
चीन में बहुचर्चित 'वन चाइल्ड पॉलिसी' ख़त्म किए जाने का ज़बरदस्त असर पड़ा है और पिछले साल वहाँ पिछले साल की तुलना में 13 लाख ज़्यादा बच्चे पैदा हुए.
चीन सरकार के आँकड़ों के मुताबिक चीन में पिछले साल एक करोड़ 84 लाख से ज़्यादा बच्चों का जन्म हुआ.
ये संख्या 2015 की तुलना में साढ़े 11 प्रतिशत ज़्यादा है. हालाँकि ये वृद्धि जितना अनुमान किया गया था उससे कम है.
पिछले साल जन्मे बच्चों में से लगभग आधे बच्चे माता-पिता की दूसरी संतान थे.
चीन ने एक साल पहले अपनी सख़्त एक संतान की नीति को ख़त्म कर दिया था.
क्यों हटी एक संतान की नीति
चीन में ये सख़्त क़दम 1979 में आबादी पर लगाम लगाने के मक़सद से उठाया गया था.
नीति को लागू करने के लिए वहाँ बड़े पैमाने पर नसबंदी की गई और जबरन गर्भपात जैसे उपाय अपनाए गए.
मगर अब वहाँ बूढ़े लोगों की संख्या बढ़ती जा रही है और इस बुज़ुर्ग पीढ़ी को सहारा देने के लिए नौजवान आबादी की कमी हो रही है.
इसे देखते हुए चीन ने पिछले साल अपनी नीति बदली. उसका अनुमान है कि 2050 तक देश में ऐसे तीन करोड़ अतिरिक्त लोग आ सकेंगे जो काम करने की उम्र के लोग होंगे.
बीबीसी के बीजिंग संवाददाता जॉन सडवर्थ का कहना है कि चीन की वन चाइल्ड पॉलिसी ने चीन की आबादी के संतुलन को बहुत ज़्यादा चोट पहुँचाई है और इसे दुरूस्त करने के लिए कुछ किया जाना बहुत पहले से ज़रूरी हो गया था.
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