यमुना ने उजाड़ा आशियाना

सड़क पर लगे टेंटों की कतार
इमेज कैप्शन, सड़क तक बढ़ आई यमुना
    • Author, वर्तिका
    • पदनाम, बीबीसी संवाददाता, दिल्ली

ये नज़ारा है अक्षरधाम के करीब मयूर विहार से होकर वाली सड़क का. यमुना यहाँ तक बढ़ आई है. यहाँ लगे सैकड़ों शिविरों में वो लोग आसरा लिए हुए हैं जिनके बसेरे यमुना में डूब चुके हैं.

तिरपाल के नीचे रह रहे लोग
इमेज कैप्शन, यही अब घर है

घर-गृहस्थी का बहुत सा सामान बह गया है. लोगों को इतना अंदाजा नहीं था की पानी का स्तर इतना बढ़ जाएगा, इसलिए काफी सामान बाँध कर पीछे छोड़ आये थे. अब उसके मिलने की कोई उम्मीद नहीं है.

आप -बीती बताता लड़का
इमेज कैप्शन, आँखों में दिख रहा है दर्द

तस्वीर में दिख रहे लड़के ने बताया कि यमुना किनारे उसके नर्सरी थी. अच्छे मॉनसून को देखते हुए उसे उम्मीद थी कि लोग ज्यादा पौधे खरीदेंगे. इसी वजह से उसने लाखों के पौधे देश की विभिन्न हिस्सों से मंगा लिए थे. यमुना के पानी में उसका 5 ट्रकों में लदा माल बह गया.

खाना मिलने का इंतज़ार करते बच्चे
इमेज कैप्शन, भूख बुझाने को इतना काफी नहीं

माँ बाप के पास पैसे बचे नहीं. घर रहा नहीं. खाना बनाने के बर्तन भी बहाव में बह गए. सरकारी मदद से मिल रहे खाने की से ही इन बच्चों की भूख मिट रही है.

दौने से सब्जी पीता बच्चा
इमेज कैप्शन, पेट शायद पूरा नहीं भरा

सबसे ज्यादा दिक्कत बच्चों को आ रही है. यमुना किनारे रह रहे लोगों के अधिकतर बच्चों की किताबें, उनकी यूनिफार्म सब पानी में बह गया है. गरीब परिवारों के इन बच्चों को शायद लंबे समय तक किताबें पाने और स्कूल जाने का इंतज़ार करना पड़े.

पानी में डूबी यमुना पुश्ते पर जाने वाली सड़क
इमेज कैप्शन, पानी में डूबी यमुना पुश्ते पर जाने वाली सड़क

यहाँ रहने वाले लोगों ने बताया की इस सड़क से आम दिनों में यमुना के पुश्ते पर पहुँचने के लिए तीस मिनट लगते हैं. लेकिन यमुना ये रास्ता पार करके खुद यहाँ बढ़ आई है. लोग अब भी पानी में डूबे अपने घर से सामान बचाने की कोशिश में जुटे हैं.

गठरी में बाँधा सामान
इमेज कैप्शन, गठरी में बाँधा सामान

इस टेंट में रह रहे परिवार ने बताया की अचानक जब पानी चढ़ आया तो जो भी सामान सामने दिखा वो गठरी में बाँध कर भागना पड़ा. इस परिवार में लोग ज्यादा थे, इसलिए सामान बटोरने वाले हाथ भी ज्यादा रहे. ये औरों से कुछ अधिक सामन बटोर पाए.