
अरे! ये क्या बोल दिया
भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष नितिन गडकरी ने स्वामी विवेकानंद की तुलना अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम से करने के लिए खेद जताया है. हालांकि उनका कहना है कि उन्होंने दोनों के बीच में कोई तुलना नहीं की थी.
नितिन गडकरी का कहना है, मैं एक बार फिर दोहराना चाहूंगा कि मैंने कभी स्वामी विवेकानंद की तुलना किसी से नहीं की, विवेकानंद को गलत तरीके से चरितार्थ करने की मेरी कोई मंशा नहीं थी.
उन्होंने कहा, अगर मेरे शब्दों से किसी की भावना को ठेस पहुंची है तो इसके लिए मुझे दिली तौर पर खेद है
भोपाल में रविवार को एक भाषण के दौरान नितिन गडकरी ने स्वामी विवेकानंद और दाऊद इब्राहिम की बौद्धिक क्षमता यानी आईक्यू की तुलना की थी जिसके बाद से देश भर में उनका विरोध शुरू हो गया.
"मैं एक बार फिर दोहराना चाहूंगा कि मैंने कभी स्वामी विवेकानंद की तुलना किसी से नहीं की, विवेकानंद को गलत तरीके से चरितार्थ करने की मेरी कोई मंशा नहीं थी"
नितिन गडकरी
उन्होंने मनोविज्ञान की थ्योरी का हवाला देते हुए कहा था, मनोविज्ञान की तौर पर देखें तो विवेकानंद और दाऊद इब्राहिम का आईक्यू लेवल एक था, लेकिन विवेकानंद ने अपनी बुद्धिमत्ता का इस्तेमाल राष्ट्र को बनाने, भाईचारा और अध्यात्म में लगाया जबकि दाऊद ने अपने आईक्यू का इस्तेमाल अपराध की दुनिया में.
तमाम हंगामे और विरोध के बाद भाजपा अध्यक्ष ने कहा है कि विवेकानंद भाजपा के लिए हमेशा से प्रेरणादायक रहे हैं.
उन्होंने एक बार फिर कहा कि उनके शब्दों को तोड़ मरोड़ कर परोसने की कोशिश की गई है जिससे उन्हें काफी दुख पहुंचा है.








