बोइंग 737 न उड़ने से भारत में हवाई किराया हो सकता है महंगा: प्रेस रिव्यू

बोइंग 737

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इमेज कैप्शन, कई देशों ने बोइंग 737 विमानों की उड़ान पर रोक लगा दी है

भारत के बोइंग 737 मैक्स विमानों की उड़ान पर रोक लगाने के फ़ैसले के बाद फ़्लाइटों के किराए बढ़ सकते हैं.

द टाइम्स ऑफ़ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक़ स्पाइस जेट के 13 बोइंग 737 मैक्स विमानों को मंगलवार रात भारत सरकार के फ़ैसले के बाद उड़ने से रोक दिया गया है. वहीं जेट एयरवेज़ के 119 में से 54 विमान नहीं उड़ सकेंगे.

वहीं पायलटों की कमी की वजह से इंडिगो ने अप्रैल तक रोज़ाना 30 उड़ानें रद्द कर दी हैं. गो एयर भी अपने कुछ विमानों को नहीं उड़ा रहा है.

स्पेयर पार्ट्स की कमी की वजह से एयर इंडिया के भी 23 विमान नहीं उड़ पा रहे हैं. विमानों की कमी का सीधा असर हवाई किराए पर होगा.

असम में प्रदर्शन

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द हिंदू अख़बार की एक रिपोर्ट के मुताबिक़ जिन लोगों का नाम राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर में नहीं है उनका वोट अपने आप नहीं कटेगा.

भारत के निर्वाचन आयोग से सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि एनआरसी में नाम न होने के आधार पर मतदाता सूची से नाम नहीं काटे जाएंगे. सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग से असम में मतदाताओं की सूची में शामिल नामों का ब्यौरा भी मांगा है. एनआरसी का ड्राफ़्ट मसौदा बीते साल जुलाई में जारी हुआ था और अंतिम एनआरसी इस साल 31 जुलाई तक प्रकाशित होना है.

असम में रह रहे लाखों लोगों के नाम एनआरसी में नहीं है जिससे उनकी नागरिकता जाने का ख़तरा पैदा हो गया है.

अभिनंदन

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चुनाव आयोग ने फ़ेसबुक से अभिनंदन की तस्वीर हटाने के लिए कहा

द इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक़ चुनाव आयोग ने फ़ेसबुक को, दिल्ली से भाजपा विधायक ओम प्रकाश शर्मा की एक पोस्ट को हटाने के लिए कहा है.

इस पोस्ट में विंग कमांडर अभिनंदन की तस्वीर है. ये सोशल मीडिया पर आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन में कार्रवाई का पहला मामला भी माना जा रहा है.

चुनाव आयोग को अपनी एंड्रॉयड एप्लीकेशन ई-विज़िल के ज़रिए शिकायत मिली थी जिसके बाद ये कार्रवाई की गई. चुनाव आयोग ने फ़ेसबुक से विधायक ओम प्रकाश शर्मा की ओर से की गई पोस्ट को हटाने के लिए कहा है.

वाहन पंजीकरण डाटा बेचने को मंज़ूरी

सरकार ने वाहनों के पंजीकरण डाटा को बेचने की नीति को मंज़ूरी दे दी है. इसके तहत वाहनों के पंजीकरण से जुड़ा डाटा कंपनियों को बेचा जा सकेगा.

इसमें वाहन ख़रीदने वालों की निजी जानकारियां भी होंगी. हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक़, 8 मार्च को सरकार ने बल्क डाटा शेयरिंग पॉलिसी को मंज़ूरी दे दी है.

अब सरकार वाहन पंजीकरण से जुड़े डाटा से कमाई कर सकेगी. सरकार के इस फ़ैसले से निजी जानकारियां सार्वजनिक होने के सवाल भी उठे हैं.

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