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केरल बाढ़: बारिश पड़ी हल्की, बचाव कार्य तेज़
- Author, सलमान रावी
- पदनाम, बीबीसी संवाददाता, केरल से
विनाशकारी बाढ़ का सामना कर रहे केरल में बारिश कम होने लगी है और बचाव कार्य तेज़ कर दिए गए हैं.
भारत के मौसम विभाग ने सभी ज़िलों से 'रेड अलर्ट' हटा लिया है, हालांकि अब भी कुछ इलाके पानी में डूबे हुए हैं.
भारतीय वायुसेना और नौसेना फंसे हुए लोगों को छतों से एयरलिफ़्ट कर रही है. जिन लोगों तक अभी पहुंचना मुश्किल है, उनके लिए खाने का सामान छतों पर फेंका जा रहा है.
अब तक 350 से ज़्यादा लोग केरल की बाढ़ में मारे जा चुके हैं. हज़ारों लोग अब भी बाढ़ में फंसे हुए हैं.
अधिकारियों का कहना है कि बचाव टीमें फ़िलहाल नदी किनारे बसे कस्बे चेंगन्नूर पर फ़ोकस कर रही हैं जहां पांच हज़ार से ज़्यादा लोगों के फंसे होने की आशंका है.
रविवार को भी लगातार ग्यारहवें दिन एनडीआरएफ़ की टीमें बचाव कार्यों में लगी रहीं. फिलहाल 58 एनडीआरएफ़ टीमें केरल में तैनात हैं. अब तक 348 फंसे हुए लोगों को निकाला गया है और 15 हज़ार लोगों को ख़तरनाक इलाकों से सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है.
एक स्थानीय नेता सजी चेरियन टीवी पर बाढ़ में फंसे लोगों का हाल बताते बताते हुए रो पड़े. उन्होंने कहा, "हमें हेलीकॉप्टर दे दीजिए. मैं भीख मांग रहा हूं. मेरी मदद कीजिए. मेरे इलाके के लोग मर जाएंगे. मदद कीजिए. कोई और विक्लप नहीं है. लोगों को एयरलिफ्ट ही करवाना होगा."
ऐसी आशंका है कि हालात बदतर होंगे क्योंकि आने वाले दिनों में तीन ज़िलों में भारी बारिश हो सकती है.
केरल में सैकड़ों सरकारी नावें लोगों को बचाने के लिए लगाई गई हैं. बीबीसी संवाददाता योगिता लिमाये ने बताया कि राज्य के कई मछुआरों ने अपनी नावें देकर बचाव कार्य में मदद की है.
शनिवार को मोबाइल ऑपरेटर्स ने केरल के लोगों को मुफ्त डेटा और मुफ्त संदेश भेजने की सुविधा भी दी ताकि लोग एक-दूसरे की मदद कर सकें.
सारे गांव भूस्खलन से बर्बाद हो गए हैं. सैनिक मलबे को हटा रहे हैं और अस्थायी पुल बना रहे हैं ताकि यातायात बाधित ना हो.
अधिकारियों को चिंता है कि बेघर लोगों के लिए बनाए राहत शिविरों में पानी से होने वाले रोग या कोई संक्रामक बीमारी फैल सकती है.
ख़बरों के मुताबिक चेचक के मरीज़ों को पहले ही अलुवा कस्बे के एक राहत शिविर में अलग रखा गया है.
केरल के आपदा प्रबंधन दफ़्तर के एक अधिकारी ने बताया कि 2 लाख से ज़्यादा परिवारों को राहत शिविरों में ले जाया जा चुका है.
राज्य के मुख्यमंत्री पिनरई विजयन ने शुक्रवार को ट्वीट किया कि लगभग 3 लाख 14 हज़ार लोग केरल के 2094 राहत शिविरों में रखे गए हैं.
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हेलीकॉप्टर से राज्य का दौरा किया और उन्होंने 500 करोड़ रुपए की राहत राशि देने का वादा किया है.
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