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सुहैब इलियासी: सलाखों के पीछे 'इंडियाज़ मोस्ट वॉन्टेड' का सितारा
टीवी शो 'इंडियाज़ मोस्ट वॉन्टेड' के होस्ट रहे सुहैब इलियासी को पत्नी की हत्या के मामले में उम्र कैद की सज़ा सुनाई गई है.
17 साल पुराने मामले में दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने उन्हें 16 दिसंबर को दोषी ठहराया था और बुधवार को सज़ा सुनाई.
सुहैब की पत्नी 11 जनवरी 2000 को अपने पूर्वी दिल्ली स्थित घर में मृत पाई गई थीं. उनके शरीर पर चाकुओं के कई निशान थे.
सुहैब का दावा था कि अंजू ने ख़ुदकुशी की है लेकिन इसके तीन महीने बाद उन्हें दहेज उत्पीड़न मामले में गिरफ़्तार कर लिया गया था.
इसके कई साल बाद 2014 में दिल्ली हाईकोर्ट ने सुहैब पर हत्या का मुकदमा चलाए जाने का आदेश दिया था.
सुहैब और अंजू
सुहैब और अंजू ने प्रेम विवाह किया था लेकिन शादी के एक साल बाद ही उनके संबंधों में खटास आ गई थी. अंजू की हत्या कोई सुनियोजित तरीके से नहीं की गई थी.
अंजू के शरीर पर आए चाकू के घाव काफी गहरे थे, जिसने बचाव पक्ष की ख़ुदकुशी की दलील पर सवाल खड़े किए.
सवाल उठे कि कोई भी इंसान खुद को इतना गहरा घाव नहीं लगा सकता. ये मामला बताता है कि कैसे एक चमकते हुए सितारे का पतन थोड़े से तैश की वजह से हो गया.
स्मार्ट, इंटेलिजेंट और तेज़तर्रार नौजवान थे वो. सुहैब इलियासी उस वक्त हिन्दुस्तान में 'इंडियाज़ मोस्ट वॉन्टेड' नाम का एक नया कॉन्सेप्ट लेकर आए थे.
इस कार्यक्रम में अंजू की भूमिका काफी अहम थी, कुछ लोग तो कहते हैं कि इस आइडिया के पीछे अंजू का दिमाग था.
अपराध के ख़िलाफ़...
इस शो के कई शुरुआती एपिसोड अंजू इलियासी ने होस्ट किए थे. उसके बाद जब उनके पति सुहैब इलियासी ने शो को होस्ट किया तो उनका प्रेजेंटेशन बहुत ही शानदार था.
ये चौंकाने वाला था कि जो आदमी अपराध के खिलाफ पूरा अभियान चला रहा हो, बाद में खुद एक अपराधी बन जाए.
तैश में की गई कुछ चीज़ों ने उनके शानदार भविष्य को खत्म कर दिया.
अंजू की मां रुकमा सिंह ने बेटी को इंसाफ दिलाने के लिए लंबी लड़ाई लड़ी और अंत में सुहैब इलियासी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया.
सत्रह साल पहले सुहैब टीवी की मशहूर शख़्सियत हुआ करते थे.
पर काफ़ी वक़्त गुज़रने के बाद लोगों के जहन में सुहैब इलियासी का जो चेहरा धुंधला हो गया था, वो अदालत के फ़ैसले के बाद एक बार फिर ताज़ा हो गया है.
(वरिष्ठ पत्रकार कुमार संजय सिंह से बातचीत पर आधारित)
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