You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
यूपी के खतौली में कलिंग-उत्कल एक्सप्रेस पटरी से उतरी, 20 की मौत
उत्तर प्रदेश के मुज़़फ्फ़रनगर में खतौली के पास कलिंग-उत्कल एक्सप्रेस के 14 डिब्बे पटरी से उतर गए हैं. यह ट्रेन पुरी से हरिद्वार जा रही थी.
लखनऊ में उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक के पीआरओ राहुल श्रीवास्तव ने स्थानीय पत्रकार समीरात्मज मिश्र से कम से कम 20 लोगों के मारे जाने की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि हादसे में लगभग 80 लोग घायल हुए हैं.
खतौली के पुलिस उपाधीक्षक राजीव कुमार सिंह ने बीबीसी से बातचीत में बताया कि घायलों का खतौली और मुज़फ़्फरनगर के अस्पतालों में इलाज किया जा रहा है.
यह हादसा शाम पांच बजकर 50 मिनट पर हुआ. बीबीसी से रेलवे प्रवक्ता अनिल सक्सेना ने कहा कि दुर्घटनास्थल पर राहत-बचाव कार्य जारी है.
इस ट्रेन का हरिद्वार पहुंचने का निर्धारित समय रात के नौ बजे था. स्थानीय पत्रकार योगेश राज ने बताया कि पटरी से उतरे कोच में फंसे लोगों को निकालने का काम जारी है.
उन्होंने बताया कि तकरीबन 100 लोगों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती किया गया है. बुरी तरह से क्षतिग्रस्त डिब्बों को गैस कटर से काटकर अलग किया जा रहा है.
इस हादसे को लेकर रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने ट्वीट किया है, ''हालात पर मेरी नज़र बनी हुई है. मैंने वरिष्ठ अधिकारियों को मौक़े पर पहुंचने का निर्देश दिया है. उनसे कहा है कि राहत-बचाव कार्य तेज़ी से चलाया जाए.''
रेल मंत्री ने यह भी कहा, ''घटनास्थल पर मेडिकल वैन पहुंच गई है. राहत-बचाव कार्य सुनिश्चित करने के लिए सभी कोशिशें जारी हैं. रेलवे बोर्ड के चेयरमैन को राहत-बचाव कार्य पर नज़र रखने का निर्देश दिया गया है.''
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुज़फ्फ़रनगर के ज़िलाधिकारी से हादसे का ब्यौरा लिया है. रेलवे मंत्रालय ने इस हादसे के बाद राहत-बचाव कार्य से जुड़े कई फ़ोन नंबर जारी किए हैं.
ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा, ''कलिंग-उत्कल एक्सप्रेस हादसे में लोगों की जान जाने से दुखी हूं. मैं घायलों और पीड़ितों के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं. मैंने रेल मंत्री सुरेश प्रभु से बात की है. उन्होंने मुझे आश्वासन दिया है कि यात्रियों की मदद की जाएगी. रेलवे के अधिकारियों के साथ संपर्क में हूं.''
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)