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इसराइल में मोदी के भाषण की पांच प्रमुख बातें
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने तीन दिवसीय दौरे पर इसराइल पहुंच गए हैं.
इसराइल जाने वाले वो भारत के पहले प्रधानमंत्री हैं और उनके इस दौरे को इसराइल के साथ भारत के संबंधों के एक नए अध्याय के रूप में देखा जा रहा है.
भारत का झुकाव हमेशा से फ़लस्तीन की ओर रहा है, लेकिन केंद्र में जबसे एनडीए सरकार आई है, भारत सरकार की नीति में एक गुणात्मक बदलाव देखा जा रहा है.
इसराइल पहुंचने के तुरंत बाद मोदी ने अपने स्वागत समारोह में अपनी इस यात्रा को 'पाथ ब्रेकिंग' कहा और इसराइल को भारत का महत्वपूर्ण साझीदार बताया.
आइए जानते हैं उनके भाषण की प्रमुख पांच बातें.
1-इसराइल ने तमाम बाधाओं की परवाह न करते हुए अपना रास्ता तय किया है और चुनौतियों को अवसरों में बदला है. भारत आपकी उपलब्धि पर आपको बधाई देता है.
2- आज चार जुलाई है और ठीक 41 साल पहले आज के ही दिन एन्तेबे की घटना घटी थी. विमान हाईजैक की घटना में इसराइली प्रधानमंत्री राबिन ने अपहृत इसराइलियों की जान बचाते हुए, अपने भाई को खो दिया था.
3- भारत इसराइल को अपने महत्वपूर्ण साझीदारों में से एक मानता है.
4-अपने समाज को सुरक्षित रखने के लिए हम एकदूसरे का सहयोग कर रहे हैं. दोनों देश 'टेररिज़्म' जैसी मुश्किलों का सामना कर रहे हैं. इन सभी क्षेत्रों में एक प्रगतिशील साझेदारी मेरे और मेरे मित्र प्रधानमंत्री नेतन्याहू की बातचीत का मुद्दा रहेगा.
5- यह दौरा दोनों देशों के रिश्तों में एक 'पाथ ब्रेकिंग' यात्रा है. मैं इसराइल में रह रहे भारतीय प्रवासी लोगों से भी मिलना पसंद करूंगा, जिनमें एक बड़ी संख्या भारतीय यहूदी समुदाय के लोगों की है, जिन्होंने हमारे दोनों समाजों को काफ़ी कुछ दिया है.
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