You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
दीपिका पादुकोण-रणवीर सिंह की कहानी: प्रेम का लहू पहले किसके मुंह लगा?
- Author, विकास त्रिवेदी
- पदनाम, बीबीसी संवाददाता
संकरी सी गर्दन पर छोटा सा तिल. बालों के जूड़े के ठीक नीचे का एक टैटू, खुद में इंग्लिश में RK दर्ज किए हुए. 'आंखों में अजब सी अदाएं लिए हुए ये लड़की फ़िल्मों में गाना गाती हुई दिखती.. 'खुदा जाने कि मैं फिदा हूं...'
2007 में पहली बार पर्दे पर 'एक चुटकी सिंदूर की कीमत रमेश बाबू' से पूछने वाली ये लड़की 11 साल बाद एक चुटकी सिंदूर की ओर बढ़ चली है. RK नाम का टैटू कहीं पीछे छूट गया है और RS यानी रणवीर सिंह नाम का लड़का अब बैंड बाजा बारात लेकर उस लड़की दीपिका के घर जाने को तैयार है.
तारीख़ मुकर्रर हुई है 14-15 नवंबर. यानी वो तारीख़, जब पर्दे पर पहली बार दीपिका और रणवीर सिंह 'राम-लीला' फ़िल्म में नज़र आए थे. ठीक पांच साल बाद ये दोनों 14-15 नवंबर को विवाह सूत्र में बंधेंगे...नहीं, जुड़ेंगे. विवाह में बंधना पड़े तो मुहब्बत कैसी?
इन दोनों सितारों ने पहली बार जब एक-दूसरे को कैमरे के सामने पाया, तब 'राम-लीला' फ़िल्म का गाना 'लहू मुंह लग गया' शूट किया जा रहा था. तब शायद दोनों इस बात से बेख़बर थे कि पर्दे पर लगा ये 'लहू' एक रोज़ असल ज़िंदगी को भी 'लाल इश्क़' से रंग जाएगा.
ये उन्हीं रणवीर सिंह और दीपिका पादुकोण की प्रेम कहानी है, जिसे अलग-अलग मौक़ों पर दोनों ने एक-दूसरे के बारे में बयां किया था.
अभिनेत्री का दिल टूटता है तो...
किसी अभिनेत्री का दिल टूटता है तो ख़बरिया दुनिया में पहली हलचल ये होती है कि मनोरंजन पन्ना अपडेट होता है.
हल्की उम्र के नौजवानों के लिए शायद दीपिका की पहली स्मृति उनके ब्रेकअप से जुड़ी हुई है. मगर उदासी से निकलने के क्रम में दीपिका डिप्रेशन का भी शिकार हुईं.
हालांकि दीपिका ने अपने डिप्रेशन के लिए कभी ब्रेकअप को ज़िम्मेदार नहीं बताया.
दीपिका ने खुलकर इस बारे में कहा था, ''15 फरवरी 2014 की एक सुबह मैं उठी. खुद में खालीपन महसूस हुआ. लगा कि मेरे सामने कोई दिशा ही नहीं है. मैं रोने लगी. मुझसे कहा गया कि मैं ऐसी क्यों हूं. वजह निजी है या प्रोफेशनल?''
ये वही दौर था, जब दीपिका और रणवीर पर्दे और पर्दे के बाहर एक-दूसरे के क़रीब आ रहे थे. बाद के दिनों में रणवीर ने दीपिका के डिप्रेशन पर बात करने की खुलकर तारीफ़ की थी.
रणवीर ने कहा था, ''मैंने दीपिका को जब टीवी पर पहली बार अपने डिप्रेशन के बारे में बात करते हुए सुना तो मेरी आंखों में आंसू थे. ऐसा करने के लिए बहुत हिम्मत की ज़रूरत होती है. दीपिका ने मुझे ज़िंदगी भर के लिए जीत लिया था.''
- यह भी पढ़ें:- 'आज तक मुझे अलार्म से डर लगता है'
चोरी-चोरी चुपके-चुपके...
रणवीर शुरुआती दिनों से ही बिना नाम लिए आदत के मुताबिक़ अपनी मुहब्बत का ऐलान करते नज़र आते रहे हैं.
मगर दीपिका का नाम लिए बगैर. हां ऐसे कई इंटरव्यू ज़रूर हैं, जब एक बच्चा भी ये देखकर बता सकता है कि रणवीर अंकल किस मुहब्बत के दीप का ज़िक्र कर रहे हैं.
सिनेमाई सितारों को अक्सर मीडिया रिपोर्ट्स कम भाती हैं. दीपिका और अपने को लेकर रणवीर ने हिंदुस्तान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में कहा था, ''मैं जब ये रिपोर्ट्स पढ़ता तो लगता, ओहो...अहा...क्या क्रिएटिव राइटिंग हैं. पढ़कर मज़ा आ जाता था.''
लेकिन कई मौक़ों पर जब रणवीर से ये सवाल पूछा जाए कि दीपिका रणबीर कपूर के साथ अच्छी लगती हैं या रणवीर सिंह के साथ?
रणवीर सिंह लगभग चीखते हुए कहते हैं, ''जाहिर सी बात है...मैं...मैं''
- यह भी पढ़ें:-दीपिका-रणवीर का बैंड बाजा बारात अगले महीने
दीपिका-रणवीर सिंह की पहली मुलाक़ात
6 जुलाई. रणवीर सिंह का जन्मदिन था. रणवीर सिंह अपने परिवार के साथ मुंबई के एक रेस्त्रां में खाना खा रहे थे.
दीपिका भी इस रेस्त्रां गईं. दोनों की नज़रें मिलीं तो दीपिका ने रणवीर से कहा, ''अरे वाह, तुम मुंबई शिफ्ट हो गए.''
रणवीर की एक्टिंग पर एक वक़्त में यक़ीन रखने वाली ''बैंड बाजा बारात'' के बिट्टू शर्मा के प्रभाव में इस कदर आईं कि वो रणवीर के बॉम्बे बॉय होने की बात को भूल गईं. दीपिका को लगा कि रणवीर दिल्ली से हैं.
दीपिका पादुकोण ने हिंदुस्तान टाइम्स के शो में रणवीर सिंह के पहले इम्प्रेशन के बारे में बताया था.
दीपिका ने कहा था, ''मेरा एक एजेंट था. वो रणवीर का बड़ा फैन था. कहता कि ये लड़का रणवीर सिंह बड़ा एक्टर बनेगा. मैंने हैरानी जताते हुए कहा- ये मेरे टाइप का नहीं है. हालांकि महीनों बाद मैंने वो फ़िल्म देखी.''
दीपिका ने कई मौक़ों पर ये माना कि रणवीर उन्हें तनिक लाउड लगते हैं. दीपिका कहती हैं, ''मेरे को ये बिलकुल सही लगता है. रणवीर वो बनने की कोशिश नहीं करते जो वो नहीं हैं. रणवीर जैसे दिखते हैं, असल में वो वैसे ही हैं.''
रणवीर सिंह पहली मुलाक़ात को याद करते हैं, ''मेरा जन्मदिन था. मैं अपने परिवार के साथ रेस्त्रां में था. तभी दीपिका वहां आती हैं. दीपिका ने ग़ज़ब का गाउन पहना हुआ था. मैं हल्की आवाज़ में अपने परिवार से फुसफुसाकर कहता हूं- दीपिका...दीपिका. मेरा परिवार कहता है कि तुम्हें हाय कहना चाहिए. मैं कहता हूं कि हां कहूंगा. मैंने कुछ ऐसा खाया था, जिससे मुझे एलर्जी हो गई थी. मैं दीपिका से पहली बार मिलने जा रहा था. चाहता था कि इंप्रेशन अच्छा रहे. लेकिन मेरा हाल मेरा साथ नहीं दे रहा था. उस रेस्त्रां में हल्की रौशनी थी. मैं उसकी आड़ में अपनी एलर्जी छिपाना चाहता था. मैंने चेहरा छिपाते हुए दीपिका से बात की.''
उस शाम जन्मदिन पर रणवीर को अपनी ज़िंदगी का ख़ूबसूरत तोहफा मिला. उस शाम को याद करते हुए रणवीर कहते हैं, ''कोई कैसे इतना ख़ूबसूरत लग सकता है.''
रणवीर जब अपना ये सच बयां कर रहे थे, तब मंच पर साथ बैठी दीपिका ब्लश कर रही थीं.
लव...लव लवेरिया हुआ?
साल 2013 में रणवीर की तबीयत खराब हुई थी. सेहत बेहतर होने के बाद रणबीर कपूर का एक इंटरव्यू काफी चर्चा में रहा था.
इसी साल दीपिका और रणवीर की पहली फ़िल्म पर्दे पर आने वाली थी.
रणवीर ने इस इंटरव्यू में कहा था, ''प्यार में होना मुझे पसंद है. ये दुनिया की सबसे अच्छी चीज़ है. ये एहसास मुझे कभी नहीं हुआ. मैं और कुछ बोलूंगा नहीं. क्योंकि मुझे नज़र बहुत लगती है. वो बहुत प्यारी लड़की है. मुझे ज़िंदगी में कई बार लवेरिया हुआ है. केजी क्लास से लेकर भारत लौटने तक.''
हालांकि बाद के दिनों में रणवीर ने ये कहा- मैंने वो इंटरव्यू ख़राब तबीयत के दौरान दिया था, मैं दवाओं पर था.
इसी इंटरव्यू में रणवीर ने आगे कहा, ''हमारी दीपिका जी को देख लीजिए. क्या फिजिकल एपीयरेंस है. जब आती हैं स्क्रीन पर और कुछ दिखता ही नहीं है. अपनी ओर ध्यान खिंचवाने के लिए मैं शर्ट उतारता हूं. लुक बदलता हूं. अपनी सारी एनर्जी लगा देता हूं. लेकिन जब दीपिका को देखता हूं तो बस उन्हीं को देखता रह जाता हूं.''
रणवीर इस इंटरव्यू में अपनी मुहब्बत का नाम दीपिका तो नहीं बताते हैं लेकिन समझदारों ने पांच साल पहले जो अंदाज़ा लगाया था, आज वो सच साबित हुआ.
- यह भी पढ़ें:- करण जौहर के शो से पहले डरा हुआ था: रणवीर
दीपिका की नाक काटने की धमकी पर रणवीर
दही न खाने की कॉमन आदत को छोड़ दिया जाए तो दीपिका और रणवीर की पसंद अलग हैं. फिर चाहे फ़िल्में हों या खाना-पीना.
पद्मावत विवाद में दीपिका पादुकोण की नाक काटने की धमकी ख़बरों में रही थी.
इस धमकी का रणवीर पर क्या असर हुआ था? रणवीर बताते हैं, ''ये कौन लोग थे? ये हमारी प्रतिक्रिया तक के काबिल नहीं थे. मैं एक मर्द हूं. ये लोग दीपिका के बारे में ऐसा कहकर मुझे भड़का रहे थे. मैं जवाब देने के लिए तैयार था. लेकिन मेरे परिवार, दोस्त और टीम ने मुझे शांत रहने के लिए कहा.''
रणवीर जिस जोश के साथ ये बातें कह रहे थे, उसे देखकर बाजीराव मस्तानी में दीपिका का कहा एक डायलॉग याद आता है,
''जो तूफानी दरिया से बगावत कर जाए वो इश्क़
भरे दरबार में जो दुनिया से लड़ जाए वो इश्क़
हर जंग जीते पर दिल से हार जाए
जो महबूब को देखे तो खुदा को भूल जाए वो इश्क़.''
तो क्या इश्क़ का मतलब सही ग़लत पूरी तरह स्वीकार कर लेना नहीं होता है - ऐसा ही सवाल एक इंटरव्यू में दीपिका से रणवीर की एक आदत बदलने के बारे में पूछा गया तो वो बोलीं- रणवीर की सोने और खाने की आदतों को बदलना चाहूंगी.
इसी सवाल के जवाब में प्रेमी मन लिए रणवीर ने कहा था, ''मैं दीपिका में कुछ भी नहीं बदलना चाहता.''
- यह भी पढ़ें:- यशराज के ख़ास हुए रणवीर सिंह
दीपिका गाती हैं सिर्फ़ रणवीर के लिए?
साल 2015 में आजतक को दिए इंटरव्यू में रणवीर सिंह ने इस बारे में बताया था.
रणवीर ने कहा था, ''दीपिका पादुकोण बहुत खूबसूरत गाती हैं. लेकिन गाने से शरमाती हैं. एक ऐसा शख़्स है, जिसको दीपिका का गाना सुनने को मिलता है और वो हूं मैं. मैं ये भी जानता हूं कि दीपिका की कितनी भी तारीफ़ कर लीजिए. पर वो गाएंगी नहीं.''
इसी शो में काफी मशक्कत के बाद दीपिका दो गानों की लाइनें गाती हैं. इस गाने की लाइन से तीन साल पहले अंजाने में शायद दीपिका अपने दिल का रुख बयां कर गईं थीं. ये गाने थे
''तुझे याद कर लिया है...'' आयत की तरह.
''कहते हैं ये दीवानी मस्तानी हो गई...दीवानी हां दीवानी हो गई
मशहूर मेरे इश्क़ की कहानी हो गई.''
मगर ये इश्क़ की कहानी मशहूर रहे या न रहे, अतीत पर नज़र दौड़ाएं तो दो तार नज़र आते हैं. एक ठंडा तार यानी दीपिका और एक गरम तार यानी रणवीर.
'दीपिका को देखकर मैं खुद को भूल जाता'
स्टार वर्ल्ड के लिए अनुपमा चोपड़ा को दिए इंटरव्यू में इसके किस्से मिलते हैं.
इस शो में रणवीर संग दीपिका अपनी कैमेस्ट्री के बारे में कहती हैं, ''रणवीर शुरुआती दिनों से कहते हैं कि हम दोनों की कैमेस्ट्री बहुत कमाल की है.''
रणवीर ने इस पर कहा था, ''दीपिका संग मेरी कैमेस्ट्री अच्छी है, इसका एहसास उसी पल हो जाता था जब हम कोई सीन फ़िल्मा रहे होते. मुझे ये कैमेस्ट्री जानने के लिए मॉनीटर में देखने की ज़रूरत नहीं होती थी. हर किसी को इस बात का एहसास हो रहा था. मुझे सेट पर ही ये यकीन था कि कुछ अच्छा होने को है.''
दीपिका कहती हैं, ''मैं कैसा लगूंगा, कैसा दिखूंगा. कैसे करूंगा. रणवीर इस बात की बिलकुल फ़िक़्र नहीं करते हैं. हां कई बार रणवीर इतनी ज़्यादा मदद करने लगते हैं कि उन्हें रोकना पड़ता है.''
रणवीर दीपिका संग अपनी कैमेस्ट्री को लेकर कहते हैं, ''मैं जब भी हम दोनों के साथ का कोई सीन शूट होने के बाद मॉनीटर पर देखने जाता तो दीपिका को ही देखता रह जाता. बाद में सीन को दोबारा चलवाता ताकि खुद को देख सकूं. दीपिका को देखकर मैं खुद को भूल जाता.''
स्कूल का वो लड़का जो नया-नया प्यार में है
अगर आप रणवीर सिंह पर थोड़ी सी बारीक नज़र रखेंगे तो पाएंगे कि वो उस स्कूल वाले दोस्त की तरह हैं, जिसे किसी लड़की से बेइंतहा प्यार है.
इंस्टाग्राम पर दीपिका पादुकोण की पोस्ट की हुई तस्वीर पर तारीफ़ भरे कमेंट लिखना हो या किसी अवॉर्ड फंक्शन में घुटने के बल बैठकर 'इज़हार' करना हो. रणवीर हर मोर्चे पर 'मैं हूं ना' कहते नज़र आते हैं.
रणवीर जब दीपिका या फिर एक्टिंग की वजह से चर्चा में नहीं रहते हैं, तब वो अपनी ड्रैस की वजह से सुर्खियां बंटोरते हैं.
दीपिका इस पर कहती हैं, ''रणवीर की ड्रैस को देखकर आप साफ पता लगा सकते हैं कि ये कब मेरे साथ है और कब नहीं.''
'फाइंडिंग फैनी' फ़िल्म के एक छोटे सीन के लिए रणवीर सिंह भी नज़र आए थे. ये सीन था दीपिका का दूल्हा बनने का. कहा जाता है कि रणवीर ने ये रोल फ्री में किया था.
अब अगले महीने रणवीर सिंह दीपिका के रील नहीं, रियल लाइफ़ दूल्हे के किरदार में होंगे. बैकग्राउंड में वही गाना बजाते हुए, जिसका ज़िक्र रणवीर ने दीपिका का नाम लिए बगैर किया था.
''सर्दी खांसी न मलेरिया हुआ... ये गए यारों इनको लवेरिया हुआ...लवेरिया हुआ.''
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)