दिल्ली धमाका: पीएम मोदी बोले- 'किसी को बख़्शा नहीं जाएगा', अब तक क्या-क्या पता है?

नरेंद्र मोदी

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सारांश
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा- 'सभी ज़िम्मेदार लोगों को कड़ी सज़ा मिलेगी'
  • घटना पर यूएपीए के तहत केस दर्ज
  • एनआईए समेत जांच एजेंसियां घटनास्थल पर
  • घटनास्थल से सैंपल जमा कर फ़ोरेंसिक लैब भेजे गए
  • अमेरिकी दूतावास ने जारी की सुरक्षा चेतावनी
  • दिल्ली के लाल क़िला मेट्रो स्टेशन के नज़दीक सोमवार शाम को एक कार में धमाका हुआ
  • इस घटना में कम से कम आठ लोगों की मौत की पुष्टि दिल्ली पुलिस ने की है.

भूटान के दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली ब्लास्ट की घटना पर कहा कि धमाके की साज़िश रचने वालों को 'नहीं छोड़ा जाएगा. सभी ज़िम्मेदार लोगों को कड़ी सज़ा मिलेगी.'

थिम्पू में उन्होंने कहा, "मैं यहां भारी मन से आया हूं. दिल्ली में हुई भयानक घटना ने सभी को बेहद दुखी कर दिया है. मैं पीड़ित परिवारों के दुख को समझता हूं. पूरा देश उनके साथ खड़ा है. मैं पूरी रात सभी जांच एजेंसियों के संपर्क में था. हमारी जांच एजेंसियां इस मामले की तह तक जाएंगी."

वहीं 'दिल्ली डिफ़ेंस डायलॉग' के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी लाल क़िला मेट्रो स्टेशन पर हुई दुःखद घटना में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति संवेदना ज़ाहिर की.

उन्होंने कहा, "मैं अपने नागरिकों को भरोसा देता हूं कि देश की अग्रणी एजेंसियां ​​गहन जांच कर रही हैं और इस त्रासदी के लिए जिम्मेदार लोगों को इंसाफ़ के कटघरे में लाया जाएगा."

राजनाथ सिंह ने ये भी कहा कि जांच के नतीजे जल्द ही सार्वजनिक किए जाएंगे.

मंगलवार को एनआईए (नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी) समेत दूसरी जांच एजेंसियों के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे हैं.

सोमवार की शाम को लाल क़िला मेट्रो स्टेशन के पास एक कार में हुए धमाके में आठ लोगों की मौत हो गई थी और कई घायल हो गए थे.

पुलिस के मुताबिक़ इस मामले में अब मुकदमा दर्ज कर लिया गया है.

ये जानकारी डीसीपी नॉर्थ राजा बांठिया ने दी है.

उन्होंने कहा, "एफ़आईआर दर्ज कर ली गई है. यूएपीए, विस्फोटक अधिनियम और बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है."

उन्होंने ये भी कहा कि अभी जांच चल रही है और ज़रूरी सबूत जुटाए जा रहे हैं. जांच में कुछ तथ्य सामने आने के बाद उसकी जानकारी दी जाएगी.

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वीडियो कैप्शन, दिल्ली: धमाके के समय आसपास वालों ने ये देखा?

'सैंपल फ़ोरेंसिक लैब भेजे गए'

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फ़ोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी के अधिकारी मोहम्मद वाहिद ने पत्रकारों से कहा, "घटनास्थल से इकट्ठा सैंपल लैब भेजे जा रहे हैं. उसके बाद ही हमें और जानकारी मिलेगी. सैंपल परीक्षण के बाद ही हम किसी नतीजे पर पहुंच पाएंगे."

वहीं भारत में अमेरिकी दूतावास ने सुरक्षा चेतावनी जारी की है.

इसमें कहा गया है, "10 नवंबर, 2025 को दिल्ली के लाल क़िला मेट्रो स्टेशन के पास एक कार में विस्फोट हुआ, जिसमें स्थानीय मीडिया ने कई लोगों के हताहत होने की सूचना दी. हालांकि, अभी विस्फोट का कारण पता नहीं है, भारत सरकार ने कई राज्यों में हाई अलर्ट का एलान किया है."

अमेरिकी दूतावास ने उपाय के तौर पर दिल्ली में लाल क़िला और चांदनी चौक के आसपास के इलाकों में ना जाने और भीड़भाड़ से बचने की सलाह दी है.

इसके अलावा, अपडेट के लिए लोकल मीडिया पर नज़र रखने, अपने आस-पास के माहौल के प्रति सचेत रहने की सलाह दी है.

लाल क़िला मेट्रो स्टेशन बंद

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घटना के बाद से ही लाल क़िला मेट्रो स्टेशन को बंद कर दिया गया है. दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) की ओर से ये जानकारी दी गई है.

डीएमआरसी ने एक्स पर मेट्रो सर्विस पर अपडेट देते हुए पोस्ट किया, "लाल क़िला मेट्रो स्टेशन सुरक्षा कारणों से बंद है. बाकी सभी स्टेशन सामान्य रूप से चल रहे हैं."

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार देर शाम घटनास्थल का दौरा किया और अस्पताल में घायलों का हाल जाना है.

क्या कह रहे हैं पीड़ित परिवार वाले

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धमाके में घायल लोगों के परिजनों ने बीबीसी हिन्दी से कहा कि उन्हें मरीज़ों से मिलने नहीं दिया जा रहा है.

घायलों में सफ़ान नाम के शख़्स भी शामिल हैं. उनके चाचा ताजुद्दीन के मुताबिक़, अस्पताल प्रशासन का कहना है कि जब तक सभी मरीजों का ठीक से इलाज नहीं हो जाता, तब तक वह किसी को भी प्रभावितों से मिलने नहीं दे सकते.

अस्पताल के अंदर और इमरजेंसी वार्ड के बाहर की स्थिति का ब्योरा देते हुए वह हमें बताते हैं, ''हमारी ही तरह दूसरे और लोग भी हैं जो अपने घायल रिश्तेदार से मिलने के लिए परेशान हैं.''

वहीं इस घटना के चश्मदीदों का कहना है कि यह धमाका इतना ज़बरदस्त था जिससे वो सन्न रह गए.

एक बुज़ुर्ग चश्मदीद का कहना है कि इस धमाके से उनके घर की खिड़कियां तक हिल गईं.

वहीं घटनास्थल से कुछ दूरी पर अपनी दुकान चलाने वाले एक शख़्स ने कहा कि वो धमाका सुनने के बाद तक़रीबन तीन बार गिरने के बाद संभले.

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित